नई दिल्ली। भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बुधवार को उस समय तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई जब कथित तौर पर एक बांग्लादेशी घुसपैठिए को वापस भेजने की प्रक्रिया के दौरान दोनों देशों की सीमा पर विवाद खड़ा हो गया। घटना मेघालय के दक्षिण पश्चिम गारो हिल्स जिले के महेंद्रगंज क्षेत्र स्थित नंदिर चार सीमा इलाके की बताई जा रही है, जहां कुछ समय के लिए माहौल बेहद संवेदनशील हो गया।
जानकारी के अनुसार, संबंधित व्यक्ति ने कथित रूप से अवैध रूप से भारतीय सीमा में प्रवेश किया था। भारतीय सुरक्षा एजेंसियों ने उसे हिरासत में लेने के बाद निर्धारित प्रक्रिया के तहत बांग्लादेश की ओर वापस भेजने की कार्रवाई शुरू की। हालांकि, मामला उस समय जटिल हो गया जब बांग्लादेश सीमा रक्षक बल (बीजीबी) और सीमा पार मौजूद कुछ स्थानीय लोगों ने उसे स्वीकार करने से इनकार कर दिया।
सूत्रों के मुताबिक, पकड़े गए व्यक्ति ने स्वयं को बांग्लादेश का नागरिक बताया था, लेकिन उसे वापस लेने को लेकर उत्पन्न असमंजस के कारण वह सीमा पर लगी बाड़ के निकट ही फंस गया। इस घटना की खबर फैलते ही सीमा के दोनों ओर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग जमा होने लगे, जिससे स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पहले दोनों पक्षों के लोगों के बीच तीखी बहस हुई, जिसके बाद कुछ स्थानों पर पथराव की घटनाएं सामने आईं। सीमा के आर-पार पत्थर फेंके जाने से अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हालांकि, अब तक किसी के गंभीर रूप से घायल होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
घटना के बाद सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हुए, जिनमें सीमा क्षेत्र में भीड़ और तनावपूर्ण माहौल दिखाई दे रहा है। हालांकि, प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने इन वीडियो की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की जांच जारी है।
बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारियों ने कहा है कि स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है। दोनों देशों के सीमा सुरक्षा बलों के बीच स्थापित प्रोटोकॉल के तहत लगातार बातचीत जारी है और फ्लैग मीटिंग के माध्यम से विवाद को सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है। एहतियात के तौर पर नंदिर चार क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं तथा गश्त बढ़ा दी गई है ताकि सीमा पर शांति और सुरक्षा बनी रहे।