देहरादून/ऋषिकेश। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को ऋषिकेश स्थित ट्रांजिट कैंप का औचक निरीक्षण कर चारधाम यात्रा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने पंजीकरण प्रक्रिया, स्वास्थ्य सुविधाओं, ठहरने की व्यवस्था और श्रद्धालुओं को उपलब्ध कराई जा रही अन्य सेवाओं का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने विभिन्न राज्यों से आए यात्रियों से सीधे संवाद कर यात्रा संबंधी अनुभव और सुविधाओं पर फीडबैक भी लिया।
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं को रजिस्ट्रेशन के लिए अनावश्यक इंतजार न करना पड़े। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा में आने वाले यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। स्वास्थ्य जांच केंद्रों का निरीक्षण करते हुए उन्होंने यात्रियों की नियमित स्वास्थ्य जांच और चिकित्सा सुविधाओं को और बेहतर बनाने पर जोर दिया।
बढ़ती गर्मी को देखते हुए मुख्यमंत्री ने ट्रांजिट कैंप में अतिरिक्त कूलर लगाने, पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा यात्रियों को सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से भी संवाद किया तथा “अतिथि देवो भव:” की भावना के साथ श्रद्धालुओं की सेवा करने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री के निरीक्षण के दौरान महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित विभिन्न राज्यों से आए श्रद्धालुओं ने यात्रा व्यवस्थाओं की सराहना की। यात्रियों ने बताया कि पंजीकरण, स्वास्थ्य जांच, आवास और भोजन जैसी सुविधाएं संतोषजनक हैं। कई बुजुर्ग श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर यात्रा को सुगम और व्यवस्थित बनाने के लिए उनका आभार व्यक्त किया।
ट्रांजिट कैंप में धार्मिक और सांस्कृतिक माहौल भी श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रहा है। एलईडी स्क्रीन पर रामायण और महाभारत के प्रसारण की व्यवस्था की गई है, जिससे यात्रियों को प्रतीक्षा के दौरान आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव हो रहा है।
इसके अलावा कैंप परिसर में लंगर सेवा और नि:शुल्क भोजन-पानी की व्यवस्था भी लगातार संचालित की जा रही है। स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा स्थानीय हस्तशिल्प और पारंपरिक उत्पादों की बिक्री भी की जा रही है, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलने के साथ महिलाओं को रोजगार और आत्मनिर्भरता का अवसर मिल रहा है।