देहरादून। नगर निगम में पार्षदों और सफाई कर्मचारी संगठन के बीच हाल में हुए विवाद के बाद मामला सुलझाने की पहल शुरू हो गई है। इसी क्रम में सफाई कर्मचारी संगठन के अध्यक्ष सोनू खेरवाल ने महापौर कार्यालय पहुंचकर महापौर सौरभ थपलियाल के समक्ष संगठन का पक्ष रखा। दोनों पक्षों के बीच उत्पन्न मतभेद को बातचीत के जरिए दूर करने की दिशा में चर्चा हुई।
महापौर सौरभ थपलियाल ने कहा कि नगर निगम एक परिवार की तरह है और परिवार के भीतर किसी भी तरह का मतभेद आपसी संवाद, समन्वय और सम्मान के साथ सुलझाया जाना चाहिए। उन्होंने सभी संबंधित पक्षों से संयम बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि नगर निगम की गरिमा और जनहित को किसी भी स्थिति में प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा।
महापौर ने कहा कि निगम के सभी कर्मचारी, पार्षद और अधिकारी एक ही व्यवस्था का हिस्सा हैं। ऐसे में किसी भी विवाद को बढ़ाने के बजाय बातचीत के माध्यम से समाधान तलाशना जरूरी है। उन्होंने भरोसा जताया कि दूसरे पक्ष की बात सुनने के बाद जल्द ही इस पूरे मामले का समाधान आपसी सहमति और समन्वय से कर लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि नगर निगम में भविष्य में इस तरह की स्थिति दोबारा पैदा न हो, इसके लिए सभी संबंधित पक्षों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे। इसका उद्देश्य निगम की कार्यप्रणाली को सुचारु बनाए रखना और आम नागरिकों को किसी तरह की परेशानी से बचाना है।
महापौर ने स्पष्ट किया कि नगर निगम की प्राथमिकता शहर की सफाई व्यवस्था और नागरिक सुविधाओं को बेहतर बनाए रखना है। इसके लिए सभी पक्षों के बीच बेहतर तालमेल और सहयोग जरूरी है। उन्होंने कहा कि किसी भी मतभेद का असर निगम के दैनिक कार्यों और शहर की व्यवस्थाओं पर नहीं पड़ना चाहिए।
इस दौरान पार्षद अमिता सिंह, सतीश कश्यप, विशाल कुमार, रमेश गौर और मनोज जाटव सहित राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी मजदूर यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष चौधरी नरेश वैद तथा संगठन के अन्य पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे।
महापौर की पहल के बाद अब उम्मीद है कि पार्षदों और सफाई कर्मचारी संगठन के बीच चल रहा विवाद बातचीत के जरिए जल्द समाप्त होगा और नगर निगम की व्यवस्थाएं पहले की तरह सुचारु रूप से संचालित होंगी।