देहरादून। भाजपा के राष्ट्रीय सहकोषाध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद डॉ. नरेश बंसल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया बयान की सराहना की है। उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर हुए छात्र प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री और उनकी दिवंगत मां को अपशब्द कहने वाले युवाओं को ‘गुमराह बच्चे’ बताते हुए उन्हें माफ करने का फैसला प्रधानमंत्री के अभिभावक रूपी दृष्टिकोण को दर्शाता है।
डॉ. नरेश बंसल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी देश के युवाओं के साथ एक अभिभावक की तरह जुड़े हुए हैं। उनका मानना है कि युवाओं से किसी भी तरह की गलती होने पर उन्हें सही दिशा दिखाना और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का अवसर देना जरूरी है। उन्होंने प्रधानमंत्री के इस कदम को संवेदनशील और प्रेरणादायक बताया।
बंसल ने कहा कि देश के युवाओं को लेकर केंद्र सरकार लगातार नई योजनाएं और नीतियां लागू कर रही है। सरकार का प्रयास है कि युवाओं को शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास और उद्यमिता के क्षेत्र में बेहतर अवसर मिलें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में केंद्र सरकार छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए लगातार काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि आज युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और भारत के भविष्य को मजबूत बनाने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण है। ऐसे में युवाओं की ऊर्जा को सही दिशा देना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल होना चाहिए। प्रधानमंत्री का युवाओं के प्रति अपनापन और उन्हें आगे बढ़ने का अवसर देने की सोच इसी दिशा में महत्वपूर्ण है।
डॉ. बंसल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का यह रुख राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ने का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि युवाओं की भावनाओं को समझते हुए उन्हें सकारात्मक रास्ते पर आगे बढ़ाना ही देश के हित में है।
उन्होंने प्रधानमंत्री के इस कदम की खुलकर प्रशंसा करते हुए कहा कि मोदी सरकार छात्र हितों को केंद्र में रखकर लगातार नीतियां बना रही है। उनका उद्देश्य युवाओं को बेहतर शिक्षा, रोजगार के अवसर और आत्मनिर्भर बनने के लिए आवश्यक मंच उपलब्ध कराना है।
बंसल ने कहा कि देश के युवा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने युवाओं से भी अपील की कि वे अपनी ऊर्जा को रचनात्मक कार्यों में लगाएं और राष्ट्र निर्माण में योगदान दें।