देहरादून। उत्तराखंड के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को ऋषिकेश स्थित आईडीपीएल ग्राउंड में आयोजित ‘सेवा पखवाड़ा’ कार्यक्रम के दौरान देहरादून जनपद को 219.29 करोड़ रुपये की 51 विकास योजनाओं की बड़ी सौगात दी। इस अवसर पर 172.78 करोड़ रुपये की लागत से 38 विकास कार्यों का शिलान्यास तथा 46.50 करोड़ रुपये की लागत से 13 योजनाओं का लोकार्पण किया गया। सरकार ने इन परियोजनाओं को सड़क, पुल, सिंचाई, बाढ़ सुरक्षा, शिक्षा, पशुपालन, पर्यटन और शहरी विकास जैसे विभिन्न क्षेत्रों से जोड़ते हुए जनपद के समग्र विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य विकास योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। इसी सोच के तहत आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं।
शिलान्यास की गई योजनाओं में सड़क और संपर्क मार्गों के निर्माण को विशेष प्राथमिकता दी गई है। सहसपुर विधानसभा के भगवानपुर में इंटरलॉकिंग टाइल्स से सड़क निर्माण, मसूरी क्षेत्र में मालसी संपर्क मार्ग और दून विहार के आंतरिक मार्गों का सुधारीकरण, विलासपुर मुख्य मार्ग से विलासपुर एन्क्लेव तक सड़क निर्माण तथा सालावाला वार्ड के आंतरिक मार्गों एवं नालियों के निर्माण जैसी कई योजनाओं की शुरुआत की गई। इसके अलावा डूंगा, लक्ष्मीपुरम, प्रयाग एन्क्लेव, नकरौंदा और अन्य क्षेत्रों में भी इंटरलॉकिंग टाइल्स से सड़क निर्माण एवं सुधार कार्य शुरू किए जाएंगे।
जनपद में यातायात व्यवस्था को मजबूत करने के उद्देश्य से न्यू कैंट रोड पर दो नए पुलों के निर्माण का भी शिलान्यास किया गया। इनमें 20 मीटर आरसीसी गर्डर पुल और 30 मीटर स्पान का दो लेन पीएससी गर्डर पुल शामिल है। रायपुर क्षेत्र में आपदा से क्षतिग्रस्त लगभग 20 किलोमीटर मुख्य एवं आंतरिक मार्गों के पुनर्निर्माण की योजना भी शुरू की गई है।
बाढ़ सुरक्षा और सिंचाई से जुड़ी परियोजनाओं को भी इस पैकेज में प्रमुख स्थान मिला है। हरभजवाला क्षेत्र में आसन नदी की सफाई एवं पुश्ता निर्माण, सौंग नदी पर चैनलाइजेशन, सुसवा नदी के तटों पर बाढ़ सुरक्षा, दुल्हनी नदी, नून नदी तथा अन्य जलधाराओं के किनारे सुरक्षा कार्यों का शिलान्यास किया गया। इसके अलावा चकराता, विकासनगर और डोईवाला क्षेत्र में पाइप नहर, ढलानी नहर तथा विभिन्न नहरों के पुनरोद्धार और आधुनिकीकरण की कई योजनाओं की शुरुआत की गई। इन परियोजनाओं से किसानों को सिंचाई की बेहतर सुविधा मिलने के साथ-साथ बाढ़ से राहत मिलने की उम्मीद है।
ग्रामीण विकास और कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के लिए भी कई योजनाएं शुरू की गई हैं। डोईवाला और रायपुर में निराश्रित गौवंश संरक्षण के लिए आधुनिक गौशालाओं का निर्माण होगा। उत्तराखंड औद्यानिक एकीकृत विकास सोसायटी के पीएमयू कार्यालय भवन का निर्माण भी कराया जाएगा। इसके अलावा अमृत सरोवर को पर्यटन और वॉटर स्पोर्ट्स के लिहाज से विकसित करने की योजना को भी मंजूरी दी गई है।
शहरी बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए मसूरी डायवर्जन से लाइब्रेरी चौक तक एलईडी स्ट्रीट लाइट लगाने की परियोजना तथा देहरादून आईएसबीटी के निर्माण, सुदृढ़ीकरण और उच्चीकरण का भी शिलान्यास किया गया। मसूरी के झड़ीपानी ट्रैक के सौंदर्यीकरण और लैंडस्केपिंग का कार्य भी इसी पैकेज में शामिल है।
लोकार्पित परियोजनाओं में डोईवाला, रायपुर और मसूरी क्षेत्रों में सड़क निर्माण और इंटरलॉकिंग कार्य प्रमुख रहे। डोईवाला में आधुनिक पशु चिकित्सालय का निर्माण पूरा होने के बाद उसका लोकार्पण किया गया। सुध्दोवाला कारागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सुविधा, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज अजबपुर कला के नए भवन, मियांवाला नहर के अंतर्गत पक्की गूलों के निर्माण तथा धारकोट से लडवाकोट मोटर मार्ग के उन्नयन कार्य का भी उद्घाटन किया गया।
पर्यटन और हरित विकास को बढ़ावा देने के लिए हरिपुर कालसी में स्नान घाट का निर्माण, मसूरी विधानसभा क्षेत्र में रिस्पना नदी किनारे पार्क का विकास, मियांवाला में पार्क निर्माण और लैंडस्केपिंग, जोहड़ी क्षेत्र के पार्क का सौंदर्यीकरण तथा गौरादेवी पार्क एवं कृत्रिम झील के विकास जैसी परियोजनाओं का भी लोकार्पण किया गया। इन परियोजनाओं से पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलने के साथ स्थानीय लोगों को बेहतर सार्वजनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार विकास और जनसेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए लगातार आधारभूत सुविधाओं का विस्तार कर रही है। उन्होंने कहा कि सड़क, सिंचाई, शिक्षा, पर्यटन, पशुपालन और शहरी विकास से जुड़ी ये परियोजनाएं देहरादून जिले के विकास को नई गति देंगी और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर में सुधार लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। सरकार का दावा है कि इन विकास परियोजनाओं के पूरा होने से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाएं मजबूत होंगी, रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे तथा देहरादून जनपद के समग्र और संतुलित विकास को नई दिशा मिलेगी।