देहरादून। डीएवी पीजी कॉलेज के दीनदयाल सभागार में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुपालन में यसएसडी कोर्स के अंतर्गत राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के महत्व पर शिक्षा शास्त्र विभाग द्वारा एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की संयोजिका रीना चंद्रा रहीं, जिन्होंने अपने बीज उद्बोधन में एनएसएस की उपयोगिता और छात्रों को इससे मिलने वाले लाभों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित उत्तराखंड की एनएसएस प्रभारी अधिकारी सुनैना रावत ने अपने संबोधन में कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना छात्र जीवन में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक उत्तरदायित्व का विकास करती है। उन्होंने विद्यार्थियों को समाज सेवा से जुड़कर राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया।
कॉलेज के प्राचार्य कौशल कुमार ने स्वागत उद्बोधन में एनएसएस के महत्व और डॉ. रावत के योगदान पर प्रकाश डाला। वहीं वरिष्ठ एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी ज्योति सिंगर ने छात्रों द्वारा किए जा रहे सामाजिक कार्यों और उनकी उपलब्धियों की जानकारी साझा की।
अपने मुख्य व्याख्यान में डॉ. रावत ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में युवा शक्ति की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और एनएसएस इस दिशा में युवाओं को जागरूक और सक्रिय बनाने का प्रभावी मंच है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 में सामाजिक सहभागिता को दिए गए महत्व की भी सराहना की।
कार्यक्रम में एस.पी. जोशी, ओनीमा शर्मा, सत्यवती त्यागी सहित कई प्राध्यापक, शिक्षक-शिक्षिकाएं और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। अंत में धन्यवाद ज्ञापन उपप्राचार्य प्रो. एस.पी. जोशी द्वारा किया गया तथा राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।