नई दिल्ली, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने पूर्व सैनिकों से जुड़े दो अहम मुद्दों को लेकर केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को पत्र लिखा है। उन्होंने पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना (ईसीएचएस) के लिए पर्याप्त बजट आवंटन सुनिश्चित करने और दिव्यांगता पेंशन पर प्रस्तावित आयकर प्रावधान को वापस लेने की मांग की है।
25 फरवरी को लिखे अपने पत्र में राहुल गांधी ने कहा कि सशस्त्र बलों के पूर्व कर्मियों की स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी ईसीएचएस योजना गंभीर वित्तीय संकट से गुजर रही है। उनके अनुसार, इस योजना के तहत 12 हजार करोड़ रुपये से अधिक के चिकित्सा बिल लंबित हैं, जबकि वर्तमान बजट आवंटन वास्तविक आवश्यकता से करीब 30 प्रतिशत कम है। भुगतान में लगातार देरी के कारण कई निजी अस्पताल इस योजना से खुद को अलग कर रहे हैं। इसका सीधा असर पूर्व सैनिकों पर पड़ रहा है, जिन्हें इलाज के लिए अपनी जेब से खर्च करना पड़ रहा है। कई मामलों में गंभीर बीमारियों के उपचार में भी देरी हो रही है।
राहुल गांधी ने वित्त विधेयक का उल्लेख करते हुए सेवा में कार्यरत सैनिकों की दिव्यांगता पेंशन पर आयकर लगाने के प्रस्ताव पर भी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि वर्ष 1922 के बाद पहली बार ऐसी स्थिति उत्पन्न हुई है जब दिव्यांगता पेंशन पर कर लगाने की बात की जा रही है। उनके मुताबिक, दिव्यांगता पेंशन किसी प्रकार की आय नहीं, बल्कि देश सेवा के दौरान लगी चोट या स्थायी क्षति का प्रतिकर है। ऐसे में इस पर कर लगाना न्यायसंगत नहीं है।
पत्र में उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि पूर्व सैनिकों के एक प्रतिनिधिमंडल ने उनसे मुलाकात कर ये चिंताएं व्यक्त की थीं। राहुल गांधी ने वित्त मंत्री से आग्रह किया है कि इन मुद्दों पर संवेदनशीलता के साथ विचार करते हुए आवश्यक कदम उठाए जाएं, ताकि पूर्व सैनिकों को राहत मिल सके।
