चंपावत। रिश्वतखोरी के गंभीर आरोप में पकड़े गए दो वनकर्मियों पर विभाग ने कड़ी कार्रवाई की है। पिथौरागढ़ के डीएफओ आशुतोष सिंह, जो वर्तमान में चंपावत वन प्रभाग का अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे हैं, ने दोनों आरोपितों को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश जारी कर दिए हैं। विभाग ने उनकी जगह नए कर्मचारियों की तैनाती की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।
घटना 25 अक्टूबर की है, जब सतर्कता अधिष्ठान हल्द्वानी सेक्टर की टीम ने चंपावत से करीब तीन किलोमीटर दूर तल्लादेश मार्ग स्थित वन चौकी पर छापा मारा। टीम को शिकायत मिली थी कि चौकी पर तैनात वनरक्षक दीपक जोशी और भुवन चंद्र भट्ट ग्रामीणों से रिश्वत मांग रहे हैं।
शिकायतकर्ता ने बताया कि वह अपनी गौशाला के लिए जंगल में गिरे चीड़ के पेड़ की लकड़ी लाने गया था, तभी दोनों वनकर्मियों ने गाड़ी रोककर लकड़ी ले जाने की अनुमति के बदले ₹40,000 की रिश्वत मांगी। सतर्कता टीम ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए शिकायतकर्ता से ₹20,000 की राशि दिलवाई और मौके पर ही दोनों आरोपितों को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
वन विभाग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए आंतरिक जांच भी शुरू कर दी है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि रिश्वतखोरी के ऐसे मामलों पर अब जीरो टॉलरेंस नीति के तहत कार्रवाई की जाएगी।