11वें विश्व योग दिवस पर हल्द्वानी समेत पूरे नैनीताल जिले में योग का उत्साह, लोगों ने सीखे स्वस्थ रहने के गुर
हल्द्वानी: 21 जून को 11वें विश्व योग दिवस के अवसर पर हल्द्वानी समेत पूरे नैनीताल जिले में विविध कार्यक्रमों के माध्यम से योग का उत्सव मनाया गया। हीरानगर स्थित योग पार्क में सैकड़ों लोगों ने सामूहिक रूप से योग अभ्यास कर स्वस्थ जीवन के प्रति संकल्प लिया। कार्यक्रम में भाग लेने वालों को योगाचार्यों द्वारा विभिन्न आसनों और प्राणायामों का अभ्यास कराया गया।
इस अवसर पर सूर्य नमस्कार, वृक्षासन, भद्रासन, वज्रासन, अमर आसन, भुजंगासन, कपालभाति, भ्रामरी प्राणायाम और ध्यान आसन जैसे योग क्रियाएं कराई गईं। प्रशिक्षकों ने इन योग मुद्राओं के लाभ और नियमित अभ्यास के महत्व को भी बताया।
जिला मुख्यालय नैनीताल के फ्लैट्स मैदान में आयोजित प्रमुख कार्यक्रम में सांसद अजय भट्ट और आयुक्त दीपक रावत ने छात्र-छात्राओं और आम नागरिकों के साथ योगाभ्यास किया। सांसद भट्ट ने इस मौके पर योग का ऐतिहासिक और वैज्ञानिक महत्व साझा करते हुए कहा कि “योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि जीवन शैली है जो हमें तन-मन से स्वस्थ रखती है।”
कुमाऊं विश्वविद्यालय की योग शिक्षिका डॉ. दीपा ने भी विशेष योग सत्र का संचालन किया, जिसमें विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों ने भाग लिया।
उत्तराखंड उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश सभागार में भी योग दिवस बड़े धूमधाम से मनाया गया। आयुष विभाग के योगाचार्यों ने न्यायालय के वरिष्ठ न्यायाधीशों और रजिस्ट्रारों समेत अन्य न्यायिक अधिकारियों को योग सिखाया। इस सत्र में मुख्य न्यायाधीश, न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवाड़ी, रजिस्ट्रार योगेश गुप्ता, बार एसोसिएशन अध्यक्ष डी.एस. मेहता समेत बड़ी संख्या में न्यायिक अधिकारी और अधिवक्ता शामिल हुए।
इसी तरह, आयुष एवं आयुष शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित विशेष योग कार्यक्रमों में भारतीय शहीद सैनिक विद्यालय, मिडिल स्कूल संवाल, जीपीएस, एसडेल, मोहन लाल साह बाल विद्या मंदिर, रामा मोंटेसरी, सीआरएसटी समेत अन्य स्कूलों के बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम में विधायक सरिता आर्या, सीडीओ अनामिका, राज्यमंत्री दर्जा प्राप्त दिनेश आर्या, भाजपा मंडल अध्यक्ष नितिन कार्की समेत कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे। सरिता आर्या ने कहा, “एक पेड़ अपनी मां के नाम पर लगाएं और अपने शरीर को चुस्त-दुरुस्त रखें।”
योग दिवस के बहाने पूरे शहर में स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।