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संपादकीय

जोशीमठ आपदा : वैज्ञानिक सुझावों की हुई अनदेखी!  

आपदा हो या भूकंप, इससे बचा नहीं जा सकता। लेकिन इससे बचाव और राहत कैसे मिले, इस दिशा में भी काम करना होगा। हां, यह भी जरूरी है कि आपदा प्रबंधन जैसे महत्वपूर्ण विभाग को राजनीति का अखाड़ा नहीं बनाया जाना चाहिए! क्योंकि इससे नुकसान होगा। आपदा प्रबंधन को सशक्त कैसे बनाया जाए। इस पर गौर करने की जरूरत है...…
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विशेष रिपोर्ट : कब रुकेगा युद्ध?

दुनिया में आर्थिक मंदी बढ़ाने में रूस-यूक्रेन युद्ध की भूमिका अहम विश्व बैंक की नजर में मौजूदा साल दुनियाभर की अर्थव्यवस्थाओं के लिए सबसे मुश्किल भरा आलोक भदौरिया, नई दिल्ली। रूस-यूक्रेन युद्ध को कोई एक साल पूरे होने वाले हैं। इसके खत्म होने के कोई आसार नजर नहीं आ रहे हैं। लेकिन, इसके…
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सत्ता का अमृत काल

धर्मपाल धनखड़ बीता साल 2022 राजनीतिक वादों मामले में बहुत महत्वपूर्ण रहा। आजादी के 75वें साल को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार ने देशवासियों को बड़े-बड़े सपने दिखाए थे। ऐसा दिखाया गया मानो 2022 खत्म होने तक देश में कोई समस्या नहीं बचेगी। पूरी तरह एक नया भारत होगा और वह विश्व…
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मेरा प्रधानमंत्री-मेरा गौरव

एडवोकेट किशन भावनानी वैश्विक स्तरपर दिनांक 30 दिसंबर 2022 को दुनिया की नज़रें भारत पर टिकी रही शोक संदेशों संवेदनाओंं का आना शुरू रहा, क्योंकि तड़के 3:30 को वैश्विक नेता के अप्रूवल रेटिंग में सबसे अधिक लोकप्रिय भारतीय नेता की मां का परमपिता परमेश्वर ईश्वरीय चरणों में गमन हुआ था। जिनको कफ और…
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गजब: ऑल इज वेल!

विधान सभा में अवैध ढंग से हुई नियुक्तियों को लेकर सरकार अब खुद कटघरे में है। हालांकि, हाईकोर्ट ने कार्मिकों के पक्ष में फैसला दे दिया है। इस पर तो टिप्पणी नहीं की जा सकती। लेकिन हाईकोर्ट ने इसे लेकर सरकार से जवाब तलब किया है। अब सरकार क्या जवाब देगी, इस बात से हरेक जागरूक व्यक्ति वाकिफ है...…
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तो ऐसे मजबूत होगी कांग्रेस!

यह सर्वविदित है कि कांग्रेस में अब भी गुटबाजी चरम पर है। यदि वाकई गुटबाजी में कमी आई होती तो कांग्रेस का बीते विधानसभा चुनाव में प्रदर्शन इतना खराब नहीं होता जितना आज दिख रहा है। खैर, कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने प्रदेश कांग्रेस में जो भी बदलाव किया है, वह काफी सोच समझकर किया है। रणविजय सिंह…
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सांप्रदायिकता का कलंक!

आज देश में सांप्रदायिक समरसता, परस्पर सद्भाव की महत्ती जरूरत है। सरकार को चुनावी लाभ-हानि के तुच्छ गणित से ऊपर उठकर सांप्रदायिकता का जहर फैलाने वाले तथाकथित धार्मिक संगठनों के खिलाफ बिना किसी भेदभाव के कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। यदि सांप्रदायिकता के जहरीले नागों के फन जल्द नहीं कुचले गये तो ये देश के…
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टीकाकरण की चुनौतियां

भारत में वैक्सीन वितरण की वैतरणी पार करना आसान नहीं आलोक भदौरिया नई दिल्ली। बेल कोरोना वायरस एक बार फिर सिर उठा रहा है। कई देशों ने इससे निपटने की पुख्ता रणनीति बना ली है। लेकिन, भारत में टीकाकरण की स्पष्ट नीति का अभाव है। दूसरा टीका कब लगना है, कौन पात्र हैं, इस पर निर्णय अब तक हो नहीं पाया…
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उम्मीदों पर खरे उतरे धामी

प्रदेश की कई योजनाएं भी अधर में हैं। इसके पीछे मूल वजह पिछले पांच सालों में बार-बार मुख्यमंत्रियों में हुए बदलाव को भी माना जा रहा है। यह अलग बात है कि मुख्यमंत्रियों को बदले जाने से भाजपा की सेहत पर कोई फर्क नहीं पड़ा है लेकिन विकास तो निश्चित रूप से प्रभावित हुआ है। अब उम्मीद की जानी चाहिए कि…
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ताकतवर हुए पुष्कर, विकास कार्यों पर रखना होगा फोकस

ममता सिंह कार्यकारी संपादक उत्तराखंड में पुष्कर सिंह धामी की सरकार सत्ता पर फिर काबिज हो गयी है। हमें अतीत में जाकर समय गंवाने के बजाय उत्तराखंड के हित की बात पर ध्यान देने की आवश्यकता है। सीधा-सीधा गणित यह है कि लोगों ने भाजपा के पक्ष में वोट दिया। लोगों को डबल इंजन की सरकार पसंद आई। हां, इतना…
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