गुरुवायूर, केरल के प्रसिद्ध गुरुवायूर श्रीकृष्ण मंदिर में रविवार का दिन ऐतिहासिक बन गया। मंदिर में एक ही दिन में 437 जोड़ों के विवाह हो रहे हैं। देवस्वोम अधिकारियों के मुताबिक, मंदिर के इतिहास में एक दिन में होने वाले विवाहों की यह अब तक की सबसे बड़ी संख्या है। इतनी बड़ी संख्या में विवाह होने के कारण मंदिर प्रशासन ने विशेष इंतजाम किए हैं।
गुरुवायूर देवस्वोम बोर्ड के अध्यक्ष ने बताया कि पहली बार मंदिर में इतने अधिक विवाह एक ही दिन में आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस आयोजन को सुचारू रूप से संपन्न कराने में गुरुवायूर की स्थानीय जनता का महत्वपूर्ण सहयोग मिल रहा है। बड़ी संख्या में विवाह होने के कारण नियमित श्रद्धालुओं के दर्शन पर कुछ प्रतिबंध लगाए गए हैं, जिसे लोगों ने सहयोग के साथ स्वीकार किया है।
विवाह समारोह सुबह 4 बजकर 10 मिनट से शुरू हुआ। अधिकारियों के अनुसार शुरुआती दो घंटों में ही करीब 137 विवाह संपन्न हो गए। मंदिर परिसर में विवाह के लिए छह मंडप बनाए गए हैं। प्रत्येक जोड़े को निर्धारित प्रक्रिया के तहत टोकन जारी किया गया है, ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके और सभी विवाह समय पर संपन्न कराए जा सकें।
अधिकारियों ने बताया कि प्रत्येक जोड़े के साथ आने वाले लोगों की संख्या भी सीमित की गई है। दूल्हा-दुल्हन के साथ अधिकतम 24 लोगों को ही आने की अनुमति दी गई है। छह मंडपों में हर घंटे 60 से अधिक विवाह संपन्न होने की जानकारी दी गई है।
इतनी बड़ी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था भी मजबूत की गई है। पुलिस विभाग के 100 से अधिक कर्मियों को तैनात किया गया है। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एंबुलेंस और चिकित्सकों की व्यवस्था भी की गई है।
अधिकारियों के मुताबिक मलयालम कैलेंडर के चिंगम महीने का पहला रविवार गुरुवायूर में विवाह के लिए बेहद शुभ माना जाता है। इसी मान्यता के चलते हर साल बड़ी संख्या में जोड़े इस दिन विवाह के लिए मंदिर पहुंचते हैं। इस बार 437 विवाहों के साथ गुरुवायूर मंदिर ने एक नया रिकॉर्ड कायम किया है।