देहरादून। स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शहीदों के परिजनों के प्रति सम्मान और संवेदना व्यक्त करते हुए देहरादून के भाऊवाला स्थित शहीद अमित कुमार अणथ्वाल के घर पहुंचकर उनके परिवार से मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने शहीद के पिता नागेंद्र प्रसाद अणथ्वाल सहित परिवार के अन्य सदस्यों से बातचीत कर उनकी कुशलक्षेम जानी और उन्हें सम्मानित किया। इस दौरान उन्होंने शहीद अमित कुमार अणथ्वाल को श्रद्धापूर्वक नमन किया।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल राष्ट्रीय उत्सव मनाने का अवसर नहीं है, बल्कि यह उन वीर जवानों के सर्वोच्च बलिदान को याद करने का दिन भी है, जिन्होंने देश की सुरक्षा के लिए अपना जीवन न्योछावर कर दिया। उन्होंने कहा कि शहीदों और उनके परिवारों का सम्मान करना पूरे राष्ट्र का दायित्व है। राज्य सरकार शहीद परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और उनके सम्मान एवं कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।
शहीद अमित कुमार अणथ्वाल पौड़ी गढ़वाल के कल्जीखाल विकासखंड स्थित ग्राम क्वाला के रहने वाले थे। उन्होंने 9 दिसंबर 2011 को गढ़वाल राइफल्स में भर्ती होकर सैन्य सेवा की शुरुआत की थी। बाद में वे 4 पैरा स्पेशल फोर्स में शामिल हुए। उनकी तैनाती जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा क्षेत्र में थी।
अप्रैल 2020 में केरन सेक्टर में आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ के दौरान अमित कुमार अणथ्वाल ने अदम्य साहस और अद्वितीय वीरता का परिचय दिया। अभियान के दौरान उन्होंने अपने साथियों के साथ मिलकर पांच आतंकवादियों को मार गिराया। देश की रक्षा के इस साहसिक अभियान में अमित कुमार अणथ्वाल समेत पांच जवानों ने सर्वोच्च बलिदान दिया।
उनके अदम्य साहस और राष्ट्र के प्रति समर्पण को देखते हुए भारत सरकार ने उन्हें सेना मेडल (मरणोपरांत) से सम्मानित किया। मुख्यमंत्री की शहीद परिवार से मुलाकात को उनके बलिदान के प्रति राज्य की श्रद्धा और सम्मान के रूप में देखा गया।