देहरादून। जिलाधिकारी सविन बंसल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित ऋषिपर्णा सभागार में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में जनसमस्याओं का अंबार देखने को मिला। इस दौरान 212 से अधिक शिकायतें दर्ज की गईं, जिन पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए।
कार्यक्रम में कई संवेदनशील मामले सामने आए। छबीलबाग कांवली रोड निवासी 82 वर्षीय दिव्यांग बुजुर्ग ने अपने 12-13 वर्षों से लापता पुत्र और दो पोतों की जिम्मेदारी का जिक्र करते हुए पानी के भारी-भरकम बिल को माफ करने की गुहार लगाई। इस पर जिलाधिकारी ने जल संस्थान को जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। साथ ही ब्याज की राशि में राहत देते हुए शेष रकम को राहत कोष से जमा कराने की प्रक्रिया शुरू की गई।
वहीं विकासनगर की मीना बंसल ने अपने पुत्र की दुर्घटना में मृत्यु के बाद मुआवजा न मिलने की शिकायत दर्ज कराई। जिलाधिकारी ने श्रम विभाग को एफआईआर दर्ज कर दो माह के भीतर मामला निपटाने के निर्देश दिए।
ऋषिकेश के एक बुजुर्ग दंपति ने पारिवारिक उत्पीड़न की शिकायत की, जिस पर डीएम ने संबंधित कोर्ट में मामला दर्ज कराने का निर्देश दिया।
इसी बीच हर्रावाला क्षेत्र में भू-माफियाओं द्वारा सरकारी नहर को क्षतिग्रस्त करने का मामला भी सामने आया, जिस पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई के संकेत दिए हैं।
साथ ही ‘प्रोजेक्ट नंदा-सुनंदा’ के माध्यम से बेटियों की शिक्षा को बढ़ावा देने की पहल को भी मजबूती मिल रही है, जिससे समाज में सकारात्मक बदलाव की उम्मीद जताई जा रही है।
जनता दर्शन के माध्यम से प्रशासन ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि जनसमस्याओं के समाधान के लिए वह पूरी तरह प्रतिबद्ध है।