देहरादून।दून विश्वविद्यालय के **स्कूल ऑफ मैनेजमेंट** में केंद्रीय आम बजट 2026-27 को लेकर आयोजित *छात्र संसद* में प्रबंधशास्त्र के विद्यार्थियों ने गहन और विचारोत्तेजक परिचर्चा की। एमबीए एवं बी.कॉम पाठ्यक्रम के छात्रों ने बजट के विभिन्न पहलुओं पर पक्ष और विपक्ष में अपने तर्क प्रस्तुत करते हुए इसे देश के आर्थिक भविष्य से जोड़कर देखा।
छात्र संसद में *लीडर ऑफ हाउस* की भूमिका निभा रहीं **रिधिमा जुयाल** ने बजट की सराहना करते हुए कहा कि यह बजट भारत के दीर्घकालिक आर्थिक विकास का स्पष्ट खाका प्रस्तुत करता है। उन्होंने कहा कि राजकोषीय अनुशासन, बुनियादी ढांचे का विस्तार और नवाचार आधारित अर्थव्यवस्था की दिशा में यह बजट महत्वपूर्ण कदम है।
वहीं *लीडर ऑफ विपक्ष* **साहिल नेगी** ने बजट पर सवाल उठाते हुए कहा कि इसमें रोजगार सृजन को लेकर कोई ठोस और स्पष्ट नीति दिखाई नहीं देती। उन्होंने इसे “दिशाहीन बजट” बताते हुए युवाओं की रोजगार संबंधी चिंताओं पर सरकार से और स्पष्टता की मांग की।
छात्र संसद की कार्यवाही की शुरुआत *स्पीकर* **सिमरन पांडे** ने की। उन्होंने *वित्त मंत्री* की भूमिका में **गौरव सेमवाल** को बजट प्रस्तुत करने के लिए आमंत्रित किया। गौरव सेमवाल ने बजट को विकासोन्मुखी बताते हुए कहा कि इसमें राजकोषीय घाटा कम करने, ग्रामीण विकास को गति देने, एमएसएमई क्षेत्र के विस्तार और *सेमीकंडक्टर 2.0* जैसे भविष्यवादी क्षेत्रों के लिए स्पष्ट नीतियां शामिल हैं।
*रक्षा मंत्री* की भूमिका में **स्वाति** ने कहा कि भारत के इतिहास में पहली बार रक्षा बजट ₹7,80,000 करोड़ से अधिक रखा गया है, जिससे देश की सैन्य क्षमता और आत्मनिर्भरता को मजबूती मिलेगी।
*शिक्षा मंत्री* **ईरम खान** ने शिक्षा से रोजगार को जोड़ने वाले बजटीय प्रावधानों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि युवाओं के कौशल विकास और *ऑरेंज इकोनॉमी* के माध्यम से रचनात्मकता और नवाचार को बढ़ावा दिया जाएगा।
*उद्योग मंत्री* की भूमिका में **शिवागी** ने बताया कि *प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (PLI)* योजना के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं, जिससे विनिर्माण क्षेत्र को नई गति मिली है। बजट में सात नए रणनीतिक क्षेत्रों में विनिर्माण, 200 विरासत औद्योगिक क्लस्टर और ₹10,000 करोड़ के निवेश को रोजगार सृजन के लिहाज से अहम बताया गया।
*स्वास्थ्य मंत्री* **ऋषभ** ने कहा कि जीवन रक्षक दवाओं के दामों में कमी से आम जनता को सीधा लाभ मिलेगा।
*रेल मंत्री* **हर्ष घाट** ने अमृत भारत और वंदे भारत जैसी आधुनिक रेल परियोजनाओं का उल्लेख किया।
*सड़क परिवहन मंत्री* **सचिन नौटियाल** ने नई एक्सप्रेसवे और ढांचागत विकास पर बजट प्रावधानों को रेखांकित किया, जबकि *नागरिक उड्डयन मंत्री* **अमित रांगड़** ने नए हवाई पट्टियों के निर्माण और विमानन क्षेत्र के विस्तार पर चर्चा की।
इस बजट सत्र के *ऑब्जर्वर* एमबीए छात्र **अभिजीत सती** रहे।
परिचर्चा के समापन पर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट के डीन **प्रो. एच. सी. पुरोहित** ने कहा कि इस प्रकार की छात्र संसद का उद्देश्य विद्यार्थियों को बजट निर्माण प्रक्रिया, वित्तीय नीति और आर्थिक निर्णयों की व्यवहारिक समझ प्रदान करना है, जिससे वे भविष्य में उद्योग और नीति निर्माण में बेहतर भूमिका निभा सकें।