न्यू दिल्ली। दिल्ली में सोमवार को लालकिला मेट्रो स्टेशन के पास हुए बम धमाके के बाद पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों ने जांच तेज कर दी है। धमाका भले ही छोटे स्तर का रहा हो, लेकिन इसकी गूंज देशभर में महसूस की गई। इस घटना के बाद कई राज्यों की पुलिस भी हरकत में आ गई है और संदिग्ध नेटवर्क को पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। अब तक कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
इसी बीच जांच में एक चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है। सूत्रों के अनुसार, धमाके का मुख्य आरोपी—आतंकी डॉक्टर मोहम्मद उमर नबी—धमाके से पहले देश के सबसे संवेदनशील इलाकों जैसे प्रधानमंत्री आवास और कर्तव्य पथ के आसपास भी देखा गया था। एजेंसियाँ इस बात को लेकर बेहद गंभीर हैं कि आखिर उसकी योजना क्या थी और उसके निशाने पर कौन-कौन सी जगहें थीं।
जांच में सामने आया है कि 9 नवंबर की रात 11:30 बजे से लेकर धमाके तक उमर नबी लगातार दिल्ली और एनसीआर में घूमता रहा। उसकी यह मूवमेंट साफ बताती है कि वह एक उपयुक्त निशाने की तलाश में था—ऐसी जगह, जहाँ भीड़ अधिक हो, राजनीतिक/ऐतिहासिक महत्व हो, या फिर VIP सुरक्षा क्षेत्र हो।
एजेंसियों के मुताबिक, उमर ने 9 नवंबर की देर रात एमपुर और दिल्ली–मुंबई एक्सप्रेसवे के संगम बिंदु रिवासन टोल से दिल्ली में प्रवेश किया। इसके बाद वह फिरोजपुर झिरका पहुँचा और फिर कुछ समय बाद फरीदाबाद के रास्ते बदरपुर से दिल्ली में दाखिल हुआ। रात के दौरान आश्रम चौक उसकी गतिविधियों का मुख्य केंद्र बना रहा।
सुरक्षा एजेंसियाँ अब उमर नबी के मोबाइल डेटा, रूट मैप, और संभावित सहयोगियों की जांच कर रही हैं। यह भी पता लगाया जा रहा है कि क्या वह किसी बड़े हमले का प्लान बना रहा था, जो किसी वजह से ठोस रूप नहीं ले पाया।
दिल्ली पुलिस मान रही है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं की जाती, तो नुकसान कहीं अधिक हो सकता था।