नयी दिल्ली । भारत-बंगलादेश सीमा के पास गिरफ्तार किये गये चीनी नागरिक हान जुनवे के देश में रहकर चीनी खुफिया एजेंसी के लिये काम करने के संकेत मिले हैं । बीएसएफ दक्षिण बंगाल फ्रंटियर की तरफ से जारी बयान के अनुसार चीन के हुबेई का निवास हान जुनवे एक वांछित अपराधी था और गिरफ्तारी के बाद उससे ठीक से पूछताछ की जा रही है। मामले में सभी खुफिया एजेंसियां मिलकर काम कर रही हैं।
बीएसएफ ने कहा, चीनी नागरिक के पास से मिले इलेक्ट्रोनिक उपकरणों की अच्छे से जांच की जा रही है। कई तथ्यों से संकेत मिले हैं कि वह भारत में चीनी खुफिया एजेंसी के लिए काम कर रहा था। बीएसएफ ने कहा कि मामले की गहराई से जांच की जा रही है इसलिये अभी कई चौकाने वाले विवरण सामने आ सकते हैं। हान जुनवे ने पूछताछ के दौरान बीएसएफ अधिकारियों को बताया कि सुन जियांग नाम का उसका एक सहयोगी उसे और उसकी पत्नी को नये-नये मोबाइल फोन का भारतीय सिम भेजा करता था।
चीनी नागरिक ने बताया, कुछ दिन पहले एटीएस लखनऊ ने उसके इस सहयोगी को पकड़ लिया। पकड़े जाने के बाद सुन जियांग ने मेरे और मेरी पत्नी के बारे में जानकारी दे दी जिसके कारण हम दोनों के खिलाफ एटीएस लखनऊ में मामला दर्ज किया गया है।हान जुनवे ने बताया कि उसके खिलाफ मामला दर्ज होने के कारण उसे चीन में भारत के लिये वीजा नहीं मिला। उसे भारत आने के लिये बंगलादेश और नेपाल से वीजा मिला। चीनी नागरिक ने खुलासा किया कि इससे पहले वह चार बार भारत आ चुका है।