लखनऊ।
उत्तर प्रदेश में पर्वतीय महापरिषद, लखनऊ द्वारा आयोजित **‘उत्तरायणी कौथिक 2026’** कार्यक्रम में उत्तराखंड सरकार के **कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल** ने सक्रिय रूप से भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने प्रवासी उत्तराखंडी भाइयों और बहनों द्वारा प्रस्तुत विविध **सांस्कृतिक कार्यक्रमों** का अवलोकन किया।
मंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के प्रवासी नागरिक, देश-विदेश में रहते हुए भी अपनी **सांस्कृतिक जड़ों** से गहरे जुड़े हुए हैं। वे **लोकगीत, लोकनृत्य और सांस्कृतिक विरासत** के संरक्षण एवं संवर्धन में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। उनके प्रयास राज्य की एकता और सांस्कृतिक चेतना को मजबूत कर रहे हैं।
सुबोध उनियाल ने यह भी कहा कि राज्य सरकार हमेशा प्रवासी उत्तराखंडियों के **हित, सम्मान और सहभागिता** को प्राथमिकता देती रही है। उनके लिए विभिन्न योजनाएं और कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप, अनेक प्रवासी उत्तराखंडी अपने पैतृक गांवों को गोद लेकर वहाँ के **पुनर्जीवन, आधारभूत सुविधाओं और सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण** में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
मंत्री ने प्रवासी उत्तराखंडियों के इस समर्पण और योगदान की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार उनके सहयोग और मार्गदर्शन के लिए हमेशा तत्पर है। इस पहल से न केवल सांस्कृतिक विरासत सुरक्षित रहेगी, बल्कि युवा पीढ़ी भी अपनी जड़ों से जुड़ी रहेगी।