जिला निर्वाचन अधिकारी ने निर्देश दिए हैं कि पिछले चुनावों में जिन मतदेय स्थलों पर मतदान प्रतिशत 50 फीसदी से कम रहा है, वहां विशेष अभियान चलाया जाए। ऐसे बूथों पर मतदाताओं को मतदान के महत्व के प्रति जागरूक करते हुए आगामी विधानसभा चुनाव में 75 प्रतिशत से अधिक मतदान का लक्ष्य हासिल करने का प्रयास किया जाएगा। इसके लिए लोगों को अपने मताधिकार का प्रयोग करने और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
डीएम ने शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास, पूर्ति, उद्योग, खेल, श्रम, पंचायती राज, परिवहन, विद्युत, दूरसंचार, वाणिज्य कर, एमडीडीए और नगर निगम समेत संबंधित विभागों को स्वीप अभियान के तहत जागरूकता गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। विकासखंड स्तर के कार्यालयों को भी इस अभियान से जोड़कर अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच बनाने पर जोर दिया गया है।
इसी क्रम में मसूरी स्थित सनातन धर्म इंटर कॉलेज में मतदाता जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यहां छात्र-छात्राओं को मतदान के महत्व और लोकतांत्रिक व्यवस्था में मतदाता की भूमिका के बारे में जानकारी दी गई। विद्यार्थियों को चुनाव प्रक्रिया समझाने के उद्देश्य से विद्यालय में छात्र परिषद के चुनाव भी लोकतांत्रिक प्रणाली के अनुरूप कराए गए। विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ इसमें भाग लिया और मतदान की प्रक्रिया को करीब से समझा।
वहीं, जोड़ी गांव में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को आगामी चुनाव में अपने मताधिकार का अनिवार्य रूप से प्रयोग करने के लिए प्रेरित किया गया।
प्रशासन का उद्देश्य कम मतदान वाले क्षेत्रों में जागरूकता बढ़ाकर अधिकाधिक मतदाताओं को चुनाव प्रक्रिया से जोड़ना और लोकतंत्र को मजबूत बनाना है।
