नेपाल की बारिश से फिर बढ़ा गंडक का जलस्तर, बिहार-यूपी में बढ़ी चिंता

नई दिल्ली, नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद बिहार और उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में एक बार फिर बाढ़ का खतरा बढ़ता दिखाई दे रहा है। गंडक नदी का जलस्तर दोबारा बढ़ने लगा है, जिसके चलते दोनों राज्यों में प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। कुछ समय पहले नदी का जलस्तर तेजी से घटने और वाल्मीकिनगर गंडक बैराज से पानी का बहाव कम होने के बाद लोगों को राहत मिली थी, लेकिन यह राहत ज्यादा देर नहीं टिक सकी।

जानकारी के मुताबिक नेपाल के देवघाट क्षेत्र में देर रात हुई बारिश के बाद गंडक नदी के जलस्तर में दोबारा बढ़ोतरी शुरू हुई है। हालांकि, इसका निचले इलाकों पर कितना असर पड़ेगा, फिलहाल इसका सटीक आकलन नहीं किया जा सका है। इससे पहले वाल्मीकिनगर गंडक बैराज में पानी का बहाव घटकर करीब 81 हजार क्यूसेक रह गया था।

गंडक नदी का उद्गम नेपाल से होता है और इसका पानी भारतीय मैदानी इलाकों तक पहुंचता है। ऐसे में नेपाल के ऊपरी क्षेत्रों में भारी बारिश या बाढ़ की स्थिति का सीधा असर बिहार और उत्तर प्रदेश के निचले जिलों पर पड़ सकता है। इसी खतरे को देखते हुए प्रशासन ने निगरानी बढ़ा दी है।

केंद्रीय गृह मंत्री ने भी स्थिति को लेकर बिहार और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्रियों से बातचीत की थी। प्रभावित होने वाले सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थानीय प्रशासन, राहत-बचाव दल और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल को हाई अलर्ट पर रखा गया है।

बिहार के पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण, मुजफ्फरपुर, वैशाली, सीतामढ़ी और शिवहर जिलों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। गोपालगंज, मुजफ्फरपुर और बेतिया में एनडीआरएफ तथा सशस्त्र सीमा बल की टीमें तैनात की गई हैं।

उत्तर प्रदेश में भी निचले इलाकों को लेकर प्रशासन सक्रिय है। महराजगंज, कुशीनगर, सिद्धार्थनगर और गोरखपुर समेत आसपास के जिलों में तैयारियों की समीक्षा की जा रही है। जरूरत पड़ने पर निचले क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी भी रखी गई है।

अधिकारियों की नजर गंडक नदी के जलस्तर और नेपाल में हो रही बारिश पर बनी हुई है। फिलहाल दोनों राज्यों में किसी भी संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए राहत एवं बचाव व्यवस्था को मजबूत किया गया है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.