लगातार हो रही अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त हुए देहरादून-मसूरी मुख्य मार्ग का बुधवार को उत्तराखण्ड सरकार के कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने पानी वाले बैण्ड के समीप प्रभावित सड़क का जायजा लिया और मौके पर मौजूद जिला प्रशासन एवं लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिकारियों से पुनर्निर्माण कार्य की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क को जल्द से जल्द सुरक्षित बनाकर यातायात सामान्य किया जाए।
निरीक्षण के दौरान गणेश जोशी ने कहा कि देहरादून और मसूरी को जोड़ने वाला यह मार्ग पर्यटन और स्थानीय लोगों की आवाजाही के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण है। ऐसे में इसकी मरम्मत और पुनर्निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को युद्धस्तर पर कार्य पूरा करने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी संसाधनों का उपयोग कर जल्द से जल्द सड़क को पूरी तरह यातायात योग्य बनाया जाए।
मंत्री ने विशेष रूप से संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहां बारिश के कारण सड़क पर दलदल बनने या वाहनों के फंसने की आशंका है, वहां तत्काल पत्थर, गिट्टी और अन्य आवश्यक सामग्री डालकर मार्ग को मजबूत किया जाए। साथ ही सड़क पर जलभराव और फिसलन वाले क्षेत्रों की लगातार निगरानी रखने के भी निर्देश दिए।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि दुर्घटनाओं की संभावना को कम करने के लिए आवश्यक स्थानों पर चेतावनी बोर्ड, बैरिकेडिंग और कर्मचारियों की तैनाती सुनिश्चित की जाए। इससे यात्रियों की सुरक्षा बनी रहेगी और यातायात भी बिना किसी बाधा के संचालित किया जा सकेगा।
निरीक्षण के दौरान संयुक्त मजिस्ट्रेट राहुल कुमार, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता (ईई) राजेश कुमार सहित जिला प्रशासन और संबंधित विभागों के कई अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मंत्री को पुनर्निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति से अवगत कराया और भरोसा दिलाया कि मार्ग को जल्द से जल्द पूरी तरह बहाल करने के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है।