मसूरी। सेवा, सुशासन एवं समर्पण अभियान ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार (सेवा पखवाड़ा)’ के तहत सोमवार को मसूरी के राधा कृष्ण मंदिर परिसर में आयोजित बहुउद्देशीय शिविर में कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने जनता की समस्याएं सुनीं। इस दौरान उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण किया और सरकारी योजनाओं के पात्र लाभार्थियों को लाभ सामग्री भी वितरित की।
शिविर में बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं मंत्री के समक्ष रखीं। गणेश जोशी ने अधिकांश शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कराया, जबकि शेष मामलों के त्वरित समाधान के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना है और सेवा पखवाड़ा इसी संकल्प को साकार करने का माध्यम है।
जनहित के मुद्दों पर सख्त रुख अपनाते हुए मंत्री ने वन विभाग को निर्देश दिए कि क्षेत्र में सूख चुके या लोगों के लिए खतरा बने पेड़ों की प्राथमिकता के आधार पर लॉपिंग और आवश्यक कार्रवाई की जाए, ताकि किसी भी प्रकार की दुर्घटना से बचा जा सके। वहीं समाज कल्याण विभाग को दो दिनों तक मसूरी में विशेष शिविर लगाकर पात्र लोगों को योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
गणेश जोशी ने सभी विभागीय अधिकारियों से कहा कि जनहित से जुड़ी कोई भी फाइल लंबित नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से समस्याओं का समाधान करने और लोगों को अनावश्यक रूप से सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगवाने की हिदायत दी।
इस अवसर पर मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और डबल इंजन सरकार के प्रयासों से उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता (यूसीसी), नकल विरोधी कानून, धर्मांतरण विरोधी कानून और सशक्त भू-कानून जैसे कई ऐतिहासिक फैसले लागू किए गए हैं। उन्होंने बताया कि राज्य में पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से 34 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी सेवाओं में अवसर मिला है।
कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष मीरा सकलानी, मंडल अध्यक्ष रजत अग्रवाल, जनप्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के अधिकारी और बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे।