हिसार/चंडीगढ़। हरियाणा के हिसार जिले से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) में शामिल होने की तैयारी कर रही 19 वर्षीय छात्रा ने परीक्षा से ठीक पहले कथित तौर पर कीटनाशक सेवन कर आत्महत्या कर ली। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, छात्रा पिछले वर्ष परीक्षा रद्द होने और लगातार दबाव के कारण मानसिक तनाव में थी।
मृतका की पहचान सिमरन के रूप में हुई है, जो हिसार जिले के बरवाला क्षेत्र स्थित ढाणी खान बहादुर गांव की रहने वाली थी। परिजनों के अनुसार सिमरन का सपना डॉक्टर बनने का था और इसी लक्ष्य को पूरा करने के लिए वह राजस्थान के सीकर में रहकर नीट परीक्षा की तैयारी कर रही थी। वह इससे पहले दो बार परीक्षा में शामिल हो चुकी थी। पहले प्रयास में उसे सफलता नहीं मिली थी, जबकि दूसरे प्रयास के दौरान आयोजित परीक्षा रद्द होने से उसे गहरा झटका लगा था। इसके बावजूद उसने हिम्मत नहीं हारी और दोबारा पूरे मनोयोग से तैयारी में जुटी हुई थी।
सिमरन के पिता रोहताश ने पुलिस को बताया कि शनिवार रात तक बेटी सामान्य व्यवहार कर रही थी और देर रात तक पढ़ाई भी करती रही। रविवार सुबह उसने परिवार को बताया था कि वह सुबह 11 बजे परीक्षा केंद्र के लिए रवाना होगी। इसी बीच करीब 10 बजे उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और उसे तेज उल्टियां होने लगीं।
परिजन उसे तत्काल गांव के एक स्थानीय चिकित्सक के पास लेकर गए, जहां प्राथमिक उपचार दिया गया, लेकिन उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ। परिवार के सख्ती से पूछने पर सिमरन ने बताया कि उसने घर में रखा कीटनाशक पी लिया है। इसके बाद उसे गंभीर अवस्था में हिसार के सर्वेश अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। घटना ने एक बार फिर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों पर बढ़ते मानसिक दबाव और परामर्श व्यवस्था की जरूरत को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।