टिहरी गढ़वाल में विकास कार्यों को गति देने और विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति का आकलन करने के लिए मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद के सभी जिलास्तरीय अधिकारियों ने भाग लिया और विभिन्न विभागों की योजनाओं एवं चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की गई।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनपद में चल रही सड़क, पुल, भवन और अन्य अवसंरचना परियोजनाओं को गुणवत्ता एवं समयबद्धता के साथ पूरा किया जाए। उन्होंने आपदा और बाढ़ से क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत में तेजी लाने तथा पेयजल, सीवर और जल निकासी व्यवस्था की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया।
बैठक में जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल ने जिले की प्रशासनिक व्यवस्था और विकास कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। लोक निर्माण विभाग की विभिन्न परियोजनाओं, मोटरेबल ब्रिज और सड़क नेटवर्क की प्रगति की समीक्षा की गई। कुंभ मेले से संबंधित नरेंद्रनगर-किनवानी-नीरगढ़ सड़क के पुनर्निर्माण और सुधार कार्य को शीघ्र पूरा करने के निर्देश भी दिए गए।
जल जीवन मिशन के तहत संचालित पेयजल योजनाओं की समीक्षा करते हुए मुख्य सचिव ने लंबित कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। देवप्रयाग और कीर्तिनगर क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति की चुनौतियों तथा नई पंपिंग योजनाओं की आवश्यकता पर भी चर्चा हुई। नरेंद्रनगर सीवर लाइन योजना में 55 प्रतिशत कार्य पूर्ण होने की जानकारी दी गई।
पर्यटन क्षेत्रों में बढ़ती सुविधाओं की मांग को देखते हुए स्थायी समाधान विकसित करने पर जोर दिया गया। मुनि की रेती में 40 करोड़ रुपये की वर्षा जल निकासी परियोजना और चंद्रभागा नदी में बाढ़ सुरक्षा कार्यों की भी समीक्षा की गई। नई टिहरी मालरोड के सौंदर्यीकरण, राजकीय पॉलिटेक्निक निर्माण और विभिन्न ग्रामीण विकास योजनाओं की प्रगति पर भी चर्चा हुई।
बैठक से पहले मुख्य सचिव ने एडीबी परियोजनाओं की समीक्षा की। अधिकारियों ने टिहरी झील क्षेत्र में सतत और जलवायु-अनुकूल पर्यटन विकास के लिए प्रस्तावित छह पर्यटन क्लस्टरों की जानकारी दी। बैठक में कृषि, उद्यान, मत्स्य, स्वास्थ्य, शिक्षा और खेल विभागों की योजनाओं की भी समीक्षा की गई तथा विकास कार्यों को और प्रभावी बनाने पर बल दिया गया।