Rahul Gandhi के दौरे के लिए सैलजा ने संभाली कमान
गरमाई सियासत : प्रदेश प्रभारी कुमारी सैलजा ने वरिष्ठ नेता गणेश गोदियाल के साथ गैरसैंण और पौड़ी में जमीनी तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरे के जरिए कांग्रेस रोजगार और पलायन जैसे स्थानीय मुद्दों को गरमाकर सत्तापक्ष के खिलाफ बड़ा माहौल बनाने की तैयारी में है…
चाणक्य मंत्र
कर्णप्रयाग (गैरसैंण)। उत्तराखंड की सियासी जमीन पर अपनी खोई हुई पकड़ वापस पाने के लिए कांग्रेस ने इस बार पूरी ताकत झोंक दी है। पार्टी के शीर्ष नेता राहुल गांधी के आगामी उत्तराखंड आगमन को ऐतिहासिक और अभूतपूर्व बनाने के लिए संगठन दिन-रात एक कर रहा है। इसी सिलसिले में व्यवस्थाओं, रणनीतियों और जमीनी तैयारियों की हकीकत जानने के लिए कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी कुमारी सैलजा खुद कमान संभालते हुए मोर्चे पर उतर चुकी हैं। उनका यह दौरा केवल एक औपचारिक निरीक्षण नहीं, बल्कि राज्य में कांग्रेस के सुस्त पड़े सांगठनिक ढांचे में जान फूंकने की एक सोची-समझी कोशिश है।
दौरे की शुरुआत में कुमारी सैलजा ने पौड़ी में प्रस्तावित जनसभा स्थल का बहुत बारीकी से मुआयना किया, ताकि आयोजन के स्तर पर किसी भी प्रकार की चूक या कमी की गुंजाइश न रहे। इसके बाद वह अल्प प्रवास के लिए गैरसैंण पहुंचीं। भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा परिसर पहुंचने पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं ने बेहद गर्मजोशी और भारी उत्साह के साथ उनका अभिनंदन किया। नगर पंचायत अध्यक्ष मोहन भंडारी के नेतृत्व में जुटे कार्यकर्ताओं का हुजूम यह साफ बयां कर रहा था कि राहुल गांधी के दौरे को लेकर जमीनी स्तर पर कितनी उत्सुकता है। इस बेहद महत्वपूर्ण और रणनीतिक दौरे पर उनके साथ उत्तराखंड कांग्रेस के दिग्गज नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी लगातार मौजूद रहे। पार्टी के ये तमाम बड़े चेहरे इस समय कुमाऊं और गढ़वाल, दोनों ही क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं को हर स्तर पर सक्रिय और एकजुट करने में जुटे हैं।

सैलजा ने प्रदेश नेतृत्व के साथ विधानसभा परिसर का व्यापक दौरा किया और सुरक्षा से लेकर भीड़ प्रबंधन तक की तमाम स्थितियों को गहराई से समझा। इसके पश्चात अल्मोड़ा के लिए प्रस्थान करते समय जब उनका काफिला गैरसैंण के मुख्य तिराहे पर पहुंचा, तो वहां भी कार्यकर्ताओं का एक बड़ा हुजूम उनके स्वागत के लिए पहले से तैयार खड़ा था। प्रभारी ने यहां उत्तराखंड के महान नायक, क्रांतिवीर चंद्र सिंह गढ़वाली की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया, जो स्थानीय भावनाओं से जुड़ने का एक बड़ा राजनीतिक संदेश भी है।

कुमारी सैलजा का यह आक्रामक और सक्रिय रुख साफ संकेत देता है कि कांग्रेस इस बार राहुल गांधी के दौरे के जरिए न सिर्फ अपने कार्यकर्ताओं को पूरी तरह रिचार्ज करना चाहती है, बल्कि पलायन, रोजगार और बुनियादी विकास जैसे पर्वतीय क्षेत्रों के संवेदनशील स्थानीय मुद्दों को हवा देकर राज्य में सत्तापक्ष के खिलाफ एक मजबूत और निर्णायक माहौल बनाने की फिराक में भी है। कार्यकर्ताओं का यह अप्रत्याशित जोश पार्टी के इसी बड़े इरादे की तस्दीक करता है।