नई दिल्ली। राहुल गांधी ने रविवार को राजधानी दिल्ली में आयोजित “रन फॉर अंबेडकर, रन फॉर कॉन्स्टिट्यूशन” मैराथन को हरी झंडी दिखाकर इसकी शुरुआत की। इस दौरान उन्होंने डॉ. बी.आर. अंबेडकर को नमन करते हुए संविधान की रक्षा को लेकर बड़ा संदेश दिया।
कार्यक्रम में मौजूद युवाओं और प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि बाबा साहेब का संदेश ही भारतीय संविधान की आत्मा है और यही लोकतंत्र की सबसे मजबूत नींव है। उन्होंने कहा कि आज जरूरत है कि अंबेडकर के विचारों और संवैधानिक मूल्यों को देश के हर कोने तक पहुंचाया जाए।
अपने संबोधन के दौरान राहुल गांधी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि इन संगठनों की विचारधारा संविधान के मूल स्वरूप को बदलने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि यह विचारधारा समानता और अधिकारों के खिलाफ है और समाज के कमजोर वर्गों—गरीबों, दलितों और पिछड़ों—को उनके अधिकारों से वंचित करने का प्रयास कर रही है।
राहुल गांधी ने कहा कि वर्तमान समय में संविधान पर कई तरह के हमले हो रहे हैं, ऐसे में इसे बचाना और मजबूत बनाना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने युवाओं से विशेष रूप से आह्वान किया कि वे संविधान की भावना को समझें और इसे जन-जन तक फैलाने में अपनी भूमिका निभाएं।
इस कार्यक्रम को लेकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर भी जानकारी साझा की। पार्टी के अनुसार, यह मैराथन युवाओं के बीच संवैधानिक मूल्यों को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
मैराथन में बड़ी संख्या में युवाओं ने हिस्सा लिया और डॉ. बी.आर. अंबेडकर के विचारों तथा लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी एकजुटता दिखाई। यह आयोजन संविधान के प्रति जागरूकता फैलाने और युवाओं को सक्रिय रूप से जोड़ने का एक प्रभावी माध्यम बनकर उभरा।