देहरादून।उत्तराखंड सरकार की गुड गवर्नेंस नीति का असर अब ज़मीनी स्तर पर स्पष्ट दिखाई देने लगा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक बिना किसी बाधा के पहुँचे। इसके लिए पात्रता परीक्षण, सत्यापन और भुगतान प्रक्रिया को लगातार मजबूत किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने समाज कल्याण विभाग को निर्देश दिए कि सभी पेंशन एवं सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो और लाभार्थियों को समय पर सहायता राशि उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता और जवाबदेही सरकार की प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को मुख्यमंत्री आवास से समाज कल्याण विभाग की विभिन्न सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के अंतर्गत जनवरी 2026 की पेंशन किस्त का **वन-क्लिक** के माध्यम से लाभार्थियों के बैंक खातों में भुगतान किया। यह पहल तकनीक आधारित शासन व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार वृद्ध, विधवा, दिव्यांग, किसान, निराश्रित, परित्यक्ता एवं जरूरतमंद वर्गों के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) और वन-क्लिक भुगतान प्रणाली के माध्यम से अब लाभार्थियों को कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते और सहायता राशि सीधे उनके खातों में पहुँच जाती है।
उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था से न केवल भ्रष्टाचार पर प्रभावी नियंत्रण हुआ है, बल्कि शासन और नागरिकों के बीच विश्वास भी मजबूत हुआ है। सरकार की मंशा है कि हर पात्र व्यक्ति को उसका अधिकार सम्मानपूर्वक और समय पर मिले।
इस अवधि में वृद्धावस्था पेंशन योजना के अंतर्गत सबसे अधिक लाभार्थियों को सहायता दी गई। इसके अलावा विधवा, दिव्यांग, किसान, परित्यक्ता, भरण-पोषण अनुदान, तीलू रौतेली एवं बौना पेंशन योजनाओं के तहत भी हजारों लोगों को सामाजिक सुरक्षा का संबल मिला।
मुख्यमंत्री के नेतृत्व में योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का परिणाम यह रहा कि **01 दिसंबर 2025 से 03 फरवरी 2026** के बीच **15,784 नए लाभार्थियों** को सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं से जोड़ा गया।
इस अवसर पर अपर सचिव संदीप तिवारी सहित समाज कल्याण विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।