देहरादून।
प्रदेश के उच्च शिक्षा विभाग को विज्ञान शिक्षा के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण मजबूती मिली है। राज्य लोक सेवा आयोग के माध्यम से चयनित **10 नए प्रयोगशाला सहायकों** को विभाग में शामिल किया गया है। उच्च शिक्षा मंत्री **डॉ. धन सिंह रावत** ने मंगलवार को अपने शासकीय आवास पर सभी चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए।
इस अवसर पर मंत्री डॉ. रावत ने नव नियुक्त प्रयोगशाला सहायकों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि राज्य सरकार उच्च शिक्षा की गुणवत्ता को बेहतर बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने चयनित अभ्यर्थियों से अपेक्षा जताई कि वे अपने विभागीय दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, ईमानदारी और जिम्मेदारी के साथ करेंगे, ताकि प्रदेश की विज्ञान शिक्षा को नई दिशा मिल सके।
डॉ. रावत ने बताया कि ये सभी नियुक्तियां राज्य लोक सेवा आयोग की प्रतीक्षा सूची के माध्यम से की गई हैं। चयनित अभ्यर्थियों में विभिन्न विज्ञान विषयों के प्रयोगशाला सहायक शामिल हैं। इनमें **भौतिक विज्ञान से 1**, **जन्तु विज्ञान से 3**, **वनस्पति विज्ञान से 4** तथा **भूगोल विषय से 2 अभ्यर्थियों** का चयन किया गया है।
उन्होंने बताया कि सरकार ने इन सभी नव नियुक्त प्रयोगशाला सहायकों की **प्रथम तैनाती प्रदेश के दुर्गम क्षेत्रों में स्थित महाविद्यालयों** में की है, ताकि दूरस्थ क्षेत्रों के छात्रों को भी गुणवत्तापूर्ण प्रयोगात्मक शिक्षा उपलब्ध कराई जा सके। भौतिक विज्ञान विषय में चयनित **राकेश चन्द्र बिनवाल** को द्वाराहाट महाविद्यालय में नियुक्त किया गया है।
इसी प्रकार जन्तु विज्ञान विषय में **विमला मौनी** को द्वाराहाट महाविद्यालय, **पूजा** को कर्णप्रयाग महाविद्यालय तथा **रोहन कौशिक** को गैरसैण महाविद्यालय में प्रथम तैनाती दी गई है। वनस्पति विज्ञान और भूगोल विषय के चयनित अभ्यर्थियों को भी प्रदेश के विभिन्न पर्वतीय और दुर्गम क्षेत्रों के महाविद्यालयों में नियुक्त किया गया है।
उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि इन नियुक्तियों से न केवल महाविद्यालयों में प्रयोगशालाओं की कार्यक्षमता बढ़ेगी, बल्कि छात्रों को व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करने में भी मदद मिलेगी। सरकार का उद्देश्य है कि प्रदेश के हर छात्र को समान और गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा उपलब्ध कराई जा सके।