देहरादून। अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित तौर पर ‘वीआईपी’ के नाम के खुलासे के बाद उत्तराखंड की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री एवं उत्तराखंड प्रभारी दुष्यंत गौतम का नाम सामने आने का दावा किए जाने के बाद युवा कांग्रेस ने भाजपा सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। इसी क्रम में शुक्रवार को युवा कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष स्वाति नेगी के नेतृत्व में देहरादून में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदेश कांग्रेस कार्यालय से भाजपा सरकार की ‘शव यात्रा’ निकाली। नारेबाजी करते हुए कार्यकर्ता ऐस्लेहॉल चौक पहुंचे, जहां भाजपा सरकार का पुतला दहन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिससे क्षेत्र में राजनीतिक माहौल गर्म हो गया।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए युवा कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष स्वाति नेगी ने आरोप लगाया कि अंकिता भंडारी हत्याकांड में एक भाजपा विधायक की पत्नी द्वारा कथित रूप से वीआईपी का नाम उजागर किया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि पूर्व जिला पंचायत सदस्य आरती गौड ने यमकेश्वर विधायक रेणु बिष्ट के इशारे पर बुलडोजर चलाने का आरोप लगाया है। इसके बावजूद राज्य की भाजपा सरकार इस मामले में सीबीआई जांच से पीछे हट रही है, जो गंभीर सवाल खड़े करता है।
स्वाति नेगी ने कहा कि इससे यह संदेश जाता है कि भाजपा सरकार बलात्कारियों और हत्यारों को संरक्षण दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि देवभूमि उत्तराखंड में हुआ यह जघन्य हत्याकांड भाजपा नेता के रिसोर्ट में हुआ और इसमें भाजपा का राष्ट्रीय, राज्य और स्थानीय नेतृत्व शामिल रहा, जो प्रदेश के लिए बेहद शर्मनाक है।
उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पर भी निशाना साधते हुए कहा कि मुख्यमंत्री ने पहले अंकिता के माता-पिता से बात कर सीबीआई जांच कराने की बात कही थी। अब जबकि अंकिता भंडारी के माता-पिता स्वयं उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश की निगरानी में सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं, तो सरकार पीछे क्यों हट रही है।
स्वाति नेगी ने मांग की कि इस हत्याकांड में दोषियों के खिलाफ हत्या और साक्ष्य मिटाने जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाए और चाहे आरोपी कितने भी प्रभावशाली क्यों न हों, उन्हें सख्त सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा सरकार और संगठन को स्पष्ट करना चाहिए कि वे पीड़िता अंकिता भंडारी के साथ खड़े हैं या आरोपियों के साथ।
युवा कांग्रेस नेता ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने की भी मांग की। प्रदर्शन में अभिनव थापर, रॉबिन त्यागी, शुभम चौहान, विनीत प्रसाद भट्ट, मोहन काला, मोहित मेहता, प्रांचल, सिद्यार्थ अग्रवाल, सिद्वार्थ, धर्मेन्द्र, कृष्णा मारवाह, सुलेमान अली, गरिमा दसौनी, गोदावरी थापली, ललित भद्री, ओमप्रकाश सती, विरेन्द्र पोखरियाल, रिया राणा, वन्दना राही, ज्योति रौतेला, सूरज क्षेत्री आदि अनेक कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित थे।