पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले के नगरकाटा इलाके में सोमवार को भाजपा सांसद खगेन मुर्मू और विधायक शंकर घोष पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने दो आरोपितों को गिरफ्तार किया है। यह इस मामले में की गई पहली कार्रवाई है। गिरफ्तार आरोपितों की पहचान अकमरल हक और गोविंद शर्मा के रूप में हुई है। एक आरोपी को नगरकाटा और दूसरे को जयगांव से पकड़ा गया है। दोनों पर पथराव और हिंसक हमले में शामिल होने का आरोप है।
जिले के **एएसपी समीर अहमद** ने बताया कि बाकी आरोपितों की तलाश में छापेमारी जारी है। घटना उस समय हुई जब भाजपा सांसद खगेन मुर्मू और विधायक शंकर घोष **बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्यों का जायजा** लेने पहुंचे थे। इस दौरान भीड़ ने उन पर **पथराव और हमला** कर दिया। भाजपा ने इस घटना के लिए **सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी)** को जिम्मेदार ठहराया है।
भाजपा प्रवक्ता **अमित मालवीय** ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा, “**टीएमसी का जंगलराज** चरम पर है। हमारे वरिष्ठ आदिवासी सांसद खगेन मुर्मू पर तब हमला हुआ जब वे जनता की मदद कर रहे थे। यह राज्य की **भयावह कानून-व्यवस्था** का प्रमाण है।”
प्रधानमंत्री **नरेंद्र मोदी** ने भी इस हमले की **कड़ी निंदा** की। उन्होंने कहा, “राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति बेहद खराब है। जनता की सेवा करने वालों पर हमला लोकतंत्र के खिलाफ है।” प्रधानमंत्री ने राज्य सरकार से हिंसा रोकने और राहत कार्यों पर ध्यान देने की अपील की।
इसी बीच, **मुख्यमंत्री ममता बनर्जी** मंगलवार को सिलीगुड़ी के एक निजी अस्पताल पहुंचीं, जहां घायल सांसद खगेन मुर्मू का इलाज चल रहा है। उन्होंने डॉक्टरों से उनकी **स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी** ली और हरसंभव मदद का भरोसा दिया।
इधर, भाजपा विधायक **मनोज कुमार ओरांव** पर भी **कुमारग्राम क्षेत्र में हमला** हुआ। भाजपा ने आरोप लगाया कि टीएमसी कार्यकर्ताओं ने बाढ़ राहत वितरण के दौरान उन पर हमला किया। हालांकि, टीएमसी ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह “भाजपा की राजनीतिक साज़िश” है।