हल्द्वानी। उत्तराखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं को नकलमुक्त बनाने के प्रयासों को बड़ी सफलता मिली है। नैनीताल पुलिस ने हल्द्वानी में सक्रिय नकल गिरोह का पर्दाफाश करते हुए गैंग लीडर समेत 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रहलाद नारायण मीणा के निर्देश पर की गई।
टीम ने होटल में मारा छापा
सूचना के आधार पर पुलिस अधीक्षक नगर प्रकाश चंद्र, क्षेत्राधिकारी नितिन लोहनी के पर्यवेक्षण में तथा कोतवाली प्रभारी निरीक्षक राजेश कुमार यादव के नेतृत्व में गठित टीम ने टीपीनगर क्षेत्र स्थित होटल जलविक के कमरा नंबर 103 में छापेमारी की। यहाँ से नौ आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया।
ऐसे करते थे नकल
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे अभ्यर्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं में पास कराने के लिए लाखों रुपये वसूलते थे। इसके लिए ये लोग कंप्यूटर लाइब्रेरी लीज पर लेकर उसमें एनीडेस्क, एमी एडमिन जैसे रिमोट सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन परीक्षाओं के दौरान नकल कराते थे।
गिरोह की योजना आगामी 6 अगस्त से शुरू होने वाली एसएससी परीक्षा में भी नकल कराने की थी।
बरामद सामग्री
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से
- 2 लैपटॉप
- 1 चार्जर
- 1 वाईफाई डोंगल
- 11 मोबाइल फोन
बरामद किए हैं।
मुख्य सरगना पहले से आपराधिक पृष्ठभूमि वाले
गिरोह के मुख्य सरगना सुनील कुमार और परविंदर कुमार बताए गए हैं, जिनके खिलाफ उत्तर प्रदेश में धोखाधड़ी और जालसाजी के कई मामले दर्ज हैं। गिरोह के अन्य सदस्य उत्तर प्रदेश और हरियाणा के रहने वाले हैं।
सभी आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट और नकल विरोधी कानून के तहत हल्द्वानी कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
पुलिस टीम को इनाम
इस सफल कार्रवाई के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल द्वारा पुलिस टीम को ₹2,500 का पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।