न्यूयॉर्क/गाज़ा: संयुक्त राष्ट्र में इजराइल-फिलिस्तीन मुद्दे पर हाल ही में हुए अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन के बाद फिलिस्तीनी संगठन हमास ने युद्धविराम की अपील करते हुए कहा है कि गाज़ा में जारी युद्ध को समाप्त करना एक “मानवीय और नैतिक कर्तव्य” है। हमास ने अपने बयान में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से आग्रह किया कि वह युद्ध समाप्त करने के लिए ठोस और प्रभावशाली कदम उठाए।
हमास ने कहा, “हम अपने फिलिस्तीनी लोगों और उनके वैध अधिकारों के समर्थन में किए जा रहे किसी भी अंतरराष्ट्रीय प्रयास की सराहना करते हैं और उनका स्वागत करते हैं।”
इजराइल पर गंभीर आरोप
बयान में हमास ने इजराइल पर गाज़ा में “नरसंहार” और “व्यवस्थित भुखमरी नीति” अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि जब तक इजराइल अपने सैन्य अभियान को नहीं रोकता, किसी भी राजनीतिक समाधान की कोई संभावना नहीं है।
स्थायी संघर्षविराम की शर्तें रखीं
हमास ने यह भी संकेत दिया कि वह युद्ध को समाप्त करने और इजराइली बंदियों की रिहाई के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए एक स्थायी संघर्षविराम समझौता आवश्यक है। इस समझौते में निम्नलिखित शर्तों को शामिल करने की बात कही गई है:
गाज़ा से इजराइली सेना की पूरी तरह वापसी
सभी सीमा पारियों (क्रॉसिंग्स) को खोलना
पुनर्निर्माण कार्यों की त्वरित और निर्बाध शुरुआत
दो-राष्ट्र समाधान का समर्थन
बयान के अंत में हमास ने दो-राष्ट्र सिद्धांत का समर्थन करते हुए कहा कि *“हमें एक ऐसे राजनीतिक रास्ते की ओर बढ़ना होगा जो कब्जे के अंत और हमारे लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने की दिशा में हो — जिसमें यरुशलम को राजधानी बनाकर एक पूर्ण संप्रभु स्वतंत्र फिलिस्तीनी राज्य की स्थापना शामिल हो।”
पृष्ठभूमि
यह बयान ऐसे समय आया है जब गाज़ा में मानवीय संकट गहराता जा रहा है और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर युद्धविराम की मांग तेज हो रही है। संयुक्त राष्ट्र महासचिव और विभिन्न देशों के नेता भी बार-बार दोनों पक्षों से संयम बरतने और शांतिपूर्ण समाधान की अपील कर चुके हैं।
