सीएम धामी के फेसबुक पोस्ट पर हरीश ने दी मुकदमे की चेतावनी

धामी के फेसबुक पेज की पोस्ट पर चुनाव आयोग से पहले ही कर चुके थे शिकायत

देहरादून। पूर्व सीएम हरीश रावत ने एक अन्य पोस्ट लिखकर अपनी एक फोटो के साथ लगी अखबार की कटिंग पर आपति की है। उन्होंने कहा है कि इससे न केवल उनकी छवि खराब की गयी बल्कि फर्जी क्रियेटिव बनाकर उनकी पोस्टों पर कमेट भी किये जा रहे हैं। रावत ने इस मामले में मुकदमा करने की चेतावनी भी दी है।

उन्होंने अपने फेसबुक पर लिखा कि-धामी अर्थात पुष्कर सिंह धामी। इस नाम के फेसबुक पेज से मेरी एक आपत्तिजनक फोटो पोस्ट की गई है, जिसकी हमने चुनाव के दिनों में चुनाव आयोग से शिकायत की थी।

जिसको तत्काल हटाने के आदेश सभी को चुनाव आयोग ने दिये थे और इसको आपत्तिजनक व कानून के विरुद्ध माना था। उस फोटो को लगाकर नीचे एक जाली अखबार के साथ एक क्रिएटिव बनाकर पोस्ट किया गया है और उस पोस्ट का स्क्रीन शाट लेकर के भी लोग मेरे पोस्टों में कमेंट पर पोस्ट कर रहे हैं, जिसका कहीं अता-पता नहीं है।
हरीश रावत ने आगे लिखा कि उसका फोटो और खबर का संदर्भ देकर उनका नाम लेकर यह कहा गया है कि कांग्रेस सत्ता में आएगी तो मुस्लिम यूनिवर्सिटी खोलेगी। उन्होंने कहा है कि यह अखबार भी फर्जी है। कभी इस तरीके का कोई बयान न तो उन्होंने दिया और न ही ऐसा कुछ कांग्रेस की ओर से हुआ।

रावत ने कहा है कि क्योंकि ये भाजपा के धामी की धूम फेसबुक पेज में है। जो राज्य के कार्यवाहक मुख्यमंत्री के नाम पर है। इसलिए वे चाहता हैं कि इस तरीके झूठे समाचार प्रकाशित करने के लिए इस पेज के एडिटर, मुझसे माफी मांगे अन्यथा वे साइबर क्राइम के तहत इनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए बाध्य होंगे।

इसके बाद उन्होंने एक और पोस्ट डाली, जिसमें लिखा कि आखिर धामी की धूम, किस पार्टी का फेसबुक पेज है। राज्य के मुख्यमंत्री के नाम पर पेज है। भाजपा का सोशल मीडिया विंग उसका संचालन करता है उसमें एक जाली खबर, पता नहीं वह अखबार कहीं से प्रकाशित है भी या नहीं है!

उसमें मेरा बयान का उल्लेख करके हैडिंग यह लगाया जाता है कि मुस्लिम यूनिवर्सिटी बनाई जाएगी और उसमें मुझे मुस्लिमबाना पहनाकर प्रचारित किया जाता है। हरीश रावत ने आगे लिखा कि यह उतना ही गहरा षड्यंत्र है जिस तरीके का गहरा षड्यंत्र 2017 में शुक्रवार की नमाज अदा करने के लिए शुक्रवार की छुट्टी करने का आदेश प्रचारित-प्रसारित किया गया।

यह षड्यंत्र है और इस षड्यंत्र की जांच के लिए वे उत्तराखंड से प्रार्थना करना चाहूंगे। उन्होंने कहा कि यदि उन्होंने मुस्लिम यूनिवर्सिटी जैसा कोई बयान दिया हो और अब उनसे इनकार कर रहे हैं, तो फिर मुझे सार्वजनिक रूप से प्रताड़ना मिलनी चाहिए।

भाजपा द्वारा मेरे ऊपर यह बयान थोपा जा रहा है, प्रचारित-प्रसारित करने के लिए लोगों के मन को विषाक्त करने के लिए चुनाव के अंदर हार को जीत में परिणित करने के लिए।उत्तराखंड को हिंदू-मुसलमान के नाम पर बांटने के लिए किया जा रहा है तो फिर उनको उत्तराखंड को ऐसी ताकतों को दंडित करना चाहिए।

Leave A Reply

Your email address will not be published.