पटना। बिहार में कर्मा पूजा को लेकर जहां गांव-गांव में उत्साह और उल्लास का माहौल रहा, वहीं पटना और नालंदा जिलों में हुए अलग-अलग हादसों ने कई परिवारों की खुशियां मातम में बदल दीं। नहाने और पूजा की तैयारियों के दौरान नदी व तालाब में डूबने से अब तक आठ लोगों की मौत की सूचना है। हादसों में बच्चे, महिलाएं और युवक भी शामिल हैं।
पटना जिले के बख्तियारपुर, बाढ़, अथमलगोला और मनेर में डूबने की घटनाएं सामने आईं। बख्तियारपुर में तीन नाबालिग बच्चों की पानी में डूबने से मौत हो गई। बाढ़ में भी दो लोगों के डूबने की सूचना है। वहीं मनेर में गंगा नदी में स्नान करने के दौरान एक महिला और दो बच्चियों के डूबने की जानकारी सामने आई है। अथमलगोला में गंगा नदी में नहाने के दौरान भाई-बहन के डूबने की सूचना है। दोनों की तलाश की जा रही है।
नालंदा जिले में भी कर्मा पूजा के दिन अलग-अलग स्थानों पर डूबने की घटनाएं हुईं। रहुई थाना क्षेत्र में बसानपुर और कुआरडीह गांव के बीच गोइठवा नदी में स्नान करने के दौरान 42 वर्षीय राधा देवी और सात वर्षीय नंदनी गहरे पानी में चली गईं। स्थानीय लोगों ने दोनों को पानी से बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
दूसरी घटना नगरनौसा थाना क्षेत्र के बलधा गांव की है। यहां कर्मा पूजा के लिए तालाब से मिट्टी लेने गए 19 वर्षीय दिलखुश कुमार का पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में चला गया। काफी प्रयास के बाद भी उसे बचाया नहीं जा सका। बताया गया कि उसकी बहन ने भाई की लंबी उम्र के लिए कर्मा पूजा का व्रत रखा था।
पुलिस ने नालंदा में हुई घटनाओं में शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया और बाद में परिजनों को सौंप दिया। लगातार हुए इन हादसों के बाद प्रभावित परिवारों में शोक का माहौल है। स्थानीय लोगों से नदी, तालाब और अन्य जलस्रोतों में स्नान या पूजा संबंधी कार्य करते समय विशेष सावधानी बरतने की अपील की जा रही है।