मुंबई और पूरे मुंबई महानगर क्षेत्र (एमएमआर) में लगातार तीसरे दिन भी हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई है, जबकि मुंबई की लाइफलाइन मानी जाने वाली लोकल ट्रेन सेवाएं भी देरी से संचालित हो रही हैं। हालात को देखते हुए भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शनिवार के लिए मुंबई, ठाणे, रायगढ़ और पालघर सहित पूरे एमएमआर क्षेत्र में रेड अलर्ट जारी किया है।
शुक्रवार सुबह से शुरू हुई तेज बारिश रातभर जारी रही। कांदिवली, बोरीवली, दहिसर, विले पार्ले, बांद्रा, घाटकोपर, भांडुप और कुर्ला समेत कई इलाकों की सड़कें पानी में डूब गईं। जलभराव बढ़ने के कारण अंधेरी सबवे को एहतियातन बंद कर दिया गया, जिससे वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई और लोगों को वैकल्पिक मार्गों का सहारा लेना पड़ा।
लगातार बारिश का असर रेल सेवाओं पर भी साफ दिखाई दिया। मध्य रेलवे की लोकल ट्रेनें 10 से 15 मिनट की देरी से चलीं, जबकि पश्चिम रेलवे की सेवाएं औसतन 5 मिनट विलंबित रहीं। हार्बर लाइन पर भी ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ, जिससे सुबह कार्यालय जाने वाले हजारों यात्रियों को परेशानी उठानी पड़ी।
मौसम विभाग के मुताबिक, 2 जुलाई सुबह 8 बजे से 3 जुलाई सुबह 7 बजे तक मुंबई शहर में 114 मिमी बारिश दर्ज की गई। वहीं पूर्वी उपनगरों में 102 मिमी और पश्चिमी उपनगरों में 109 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा दोपहर में 4.28 मीटर ऊंचे हाई टाइड की संभावना जताई गई है, जिससे समुद्र किनारे और निचले इलाकों में जलभराव का खतरा और बढ़ सकता है।
राज्य आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से अत्यावश्यक काम होने पर ही घर से बाहर निकलने की अपील की है। नागरिकों को जलभराव वाले रास्तों, पुलों, पेड़ों और जर्जर इमारतों से दूर रहने तथा केवल मौसम विभाग और प्रशासन की आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की सलाह दी गई है। खराब मौसम और ऊंची लहरों को देखते हुए मछुआरों को भी अगले आदेश तक समुद्र में नहीं जाने के निर्देश दिए गए हैं। राज्य सरकार ने सभी संबंधित एजेंसियों, एनडीआरएफ और जिला प्रशासन को अलर्ट मोड पर रखा है, जबकि राहत और बचाव दल किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।