नई दिल्ली। देश में पेंशन व्यवस्था को अधिक सरल, डिजिटल और आम लोगों के लिए सुलभ बनाने की दिशा में सरकार बड़े बदलावों की तैयारी कर रही है। प्रस्तावित सुधारों के तहत आने वाले समय में लोग भीम (BHIM) ऐप के माध्यम से आसानी से नेशनल पेंशन सिस्टम (एनपीएस) में अपना खाता खोल सकेंगे। इसके अलावा कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) की राशि को एनपीएस में स्थानांतरित करने की संभावना पर भी गंभीरता से विचार किया जा रहा है।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) और पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (पीएफआरडीए) संयुक्त रूप से भीम ऐप पर एनपीएस खाता खोलने की सुविधा विकसित कर रहे हैं। इस नई व्यवस्था की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि उपयोगकर्ताओं को अलग से केवाईसी प्रक्रिया पूरी नहीं करनी पड़ेगी। बैंक खाते से जुड़ी पहले से उपलब्ध केवाईसी जानकारी के आधार पर ही खाता खोला जा सकेगा, जिससे पूरी प्रक्रिया तेज, डिजिटल और पूरी तरह पेपरलेस बन जाएगी।
सरकार ईपीएफ और एनपीएस के बीच पोर्टेबिलिटी की संभावनाओं पर भी काम कर रही है। फिलहाल दोनों योजनाएं अलग-अलग नियमों के तहत संचालित होती हैं और इनके बीच सीधे फंड ट्रांसफर की सुविधा उपलब्ध नहीं है। हालांकि, आवश्यक कानूनी और नियामकीय बदलावों के बाद कर्मचारियों को अपनी ईपीएफ राशि को एनपीएस में स्थानांतरित करने का विकल्प मिल सकता है। इससे निवेशकों को अपनी वित्तीय जरूरतों और जोखिम उठाने की क्षमता के अनुसार बेहतर पेंशन योजना चुनने की स्वतंत्रता मिलेगी।
पिछले कुछ वर्षों में एनपीएस को अधिक आकर्षक और लचीला बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुधार किए गए हैं। योजना में इक्विटी निवेश की सीमा बढ़ाई गई है, जिससे लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न मिलने की संभावना मजबूत हुई है। इसके साथ ही निवेशकों को 60 वर्ष की आयु के बाद भी 85 वर्ष तक अपना एनपीएस खाता सक्रिय रखने और निवेश जारी रखने की सुविधा दी गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इन प्रस्तावित बदलावों का सबसे अधिक लाभ गिग वर्कर्स, स्वरोजगार करने वाले लोगों और असंगठित क्षेत्र के कामगारों को मिलेगा। भीम जैसे लोकप्रिय डिजिटल मंच के जरिए पेंशन सेवाओं की पहुंच बढ़ने से अधिक लोगों को रिटायरमेंट के लिए नियमित बचत और दीर्घकालिक निवेश का बेहतर अवसर मिल सकेगा।