मुख्यमंत्री अपने निर्धारित कार्यक्रम के तहत बनबसा स्थित एनएचपीसी हेलीपैड पहुंचे, जहां प्रशासनिक अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने उनका स्वागत किया। इसके बाद उन्होंने युवा बालक-बालिकाओं की नशामुक्ति सद्भावना दौड़ को रवाना किया। उन्होंने कहा कि नशामुक्त समाज के निर्माण में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। युवा स्वयं नशे से दूर रहें और दूसरों को भी इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करें।
मुख्यमंत्री ने पाटनी तिराहे पर विधि-विधान और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ पूजा-अर्चना कर भगवान हनुमान की भव्य प्रतिमा का अनावरण किया। इस दौरान आयोजित सुंदरकांड पाठ में उन्होंने श्रद्धापूर्वक भाग लिया। जय श्री राम कीर्तन मंडल की ओर से प्रस्तुत भजनों से माहौल भक्तिमय हो गया। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को नवरात्र और दशहरा पर्व की शुभकामनाएं देते हुए सभी के सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना की।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए राज्य सरकार लगातार काम कर रही है। उन्होंने महिला सशक्तीकरण, ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान और युवाओं को समान अवसर उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
धामी ने कहा कि उत्तराखंड देवभूमि के साथ वीरभूमि और सैन्यभूमि भी है। सैनिकों और उनके परिवारों का कल्याण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने बताया कि सरकारी और सार्वजनिक भूमि से अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए कार्रवाई की गई है। साथ ही, नकल-विरोधी कानून के प्रभावी क्रियान्वयन से भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता बढ़ी है। उनके अनुसार, अब तक 33 हजार से अधिक युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरी मिली है।
कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को प्रसाद वितरित किया तथा उनसे संवाद कर बुजुर्गों का आशीर्वाद लिया।
