गंगोत्री हाईवे पर खाई में गिरा कांवड़ियों का वाहन, पत्थरों के बीच अटका; बड़ा हादसा टला

उत्तरकाशी। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग पर पापड़ गाड़ के पास शनिवार सुबह कांवड़ियों से भरा पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर गंगा नदी की ओर खाई में जा गिरा। हालांकि, वाहन नदी में गिरने और पलटने से पहले ही पत्थरों के बीच अटक गया। इससे वाहन में सवार सभी कांवड़ियों की जान बच गई और बड़ा हादसा टल गया।

जानकारी के अनुसार, पिकअप वाहन कांवड़ियों को लेकर भूस्खलन प्रभावित पापड़ गाड़ क्षेत्र से गुजर रहा था। इसी दौरान धंस रही सड़क के कारण वाहन अनियंत्रित होकर नदी की ओर खाई में चला गया। वाहन के खाई में गिरते ही उसमें सवार कांवड़ियों में चीख-पुकार मच गई। आवाज सुनकर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य में जुट गए।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और बीआरओ की टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद खाई में गिरे वाहन को सुरक्षित बाहर निकाला। हादसे के बाद कुछ देर तक मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। राहत की बात रही कि घटना में किसी कांवड़िये के घायल होने की सूचना नहीं है।

लंबे समय से संवेदनशील है पापड़ गाड़ क्षेत्र

स्थानीय लोगों के अनुसार पापड़ गाड़ क्षेत्र लंबे समय से संवेदनशील बना हुआ है। यहां गंगोत्री हाईवे का करीब 70 मीटर हिस्सा लगातार गंगा नदी की ओर धंस रहा है। वर्ष 2025 की आपदा के दौरान भी इस स्थान पर सड़क का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ था।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि इसके बाद बीआरओ की ओर से सड़क निर्माण पर लाखों रुपये खर्च किए गए, लेकिन भूस्खलन रोकने और सड़क को स्थायी रूप से सुरक्षित करने की दिशा में प्रभावी सुरक्षात्मक उपाय नहीं किए गए। लोगों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल उठाए हैं।

कांवड़ यात्रा के बीच सुरक्षा पर उठे सवाल

वर्तमान में कांवड़ यात्रा के चलते गंगोत्री धाम से जल भरने के लिए रोजाना बड़ी संख्या में कांवड़िए पहुंच रहे हैं। ऐसे में पापड़ गाड़ जैसे संवेदनशील स्थान पर सड़क धंसने की घटना ने हाईवे की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है।

भाजपा के वरिष्ठ नेता जगमोहन सिंह रावत ने पापड़ गाड़ क्षेत्र में धंस रही सड़क को तत्काल दुरुस्त कराने और कांवड़ यात्रियों की सुरक्षा के लिए पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्थायी सुरक्षात्मक कार्य किए जाने जरूरी हैं।

Leave A Reply

Your email address will not be published.