नई दिल्ली। कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने E20 पेट्रोल को लेकर एक बार फिर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर करीब 53 सेकेंड का एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह एक कार की पेट्रोल टंकी का ढक्कन खोलकर E20 ईंधन को लेकर सवाल करते दिखाई दे रहे हैं।
वीडियो में राहुल गांधी कार की पेट्रोल टंकी के अंदर देखते हुए कहते हैं, “नॉर्मली हम कहते हैं कि दाल में काला है, लेकिन यहां पूरी दाल ही काली है।” इसके बाद उन्होंने E20 पेट्रोल को लेकर अपनी चिंताएं जाहिर कीं। राहुल गांधी का आरोप है कि देश में भ्रष्टाचार के कई मामले हैं और E20 ईंधन भी इसी तरह के मामलों में शामिल है।
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि E20 पेट्रोल के इस्तेमाल से लोगों की कार और स्कूटर खराब हो रहे हैं। उनके मुताबिक, वाहनों में खराबी आने से आम लोगों को रोजमर्रा की परेशानियों के साथ अतिरिक्त आर्थिक बोझ भी उठाना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से E20 ईंधन के प्रभाव और इससे जुड़े मुद्दों पर जवाब देने की मांग की।
राहुल गांधी के इस वीडियो के सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित होने के बीच केंद्र सरकार की ओर से E20 पेट्रोल को लेकर अलग रुख सामने आया है। केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने शुक्रवार को दिल्ली में सरकार के बायोफ्यूल ब्लेंडिंग कार्यक्रम का बचाव किया। उन्होंने कहा कि भारत का बायोफ्यूल मिश्रण कार्यक्रम बेहतर तरीके से काम कर रहा है और इसके परिणाम भी सकारात्मक रहे हैं।
पुरी ने E20 को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर कहा कि कुछ लोग इस मुद्दे को लेकर अनावश्यक विवाद पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। सरकार का कहना है कि पेट्रोल में एथेनॉल मिश्रण का उद्देश्य देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के साथ-साथ आयात पर निर्भरता कम करना और जैव ईंधन को बढ़ावा देना है।
इस तरह E20 पेट्रोल को लेकर कांग्रेस और केंद्र सरकार के बीच राजनीतिक बहस एक बार फिर तेज हो गई है। राहुल गांधी जहां इसके कथित असर को लेकर सवाल उठा रहे हैं, वहीं सरकार इसे देश के बायोफ्यूल कार्यक्रम की सफलता से जोड़कर देख रही है।