नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के भ्रष्टाचार रोधी न्यायाधिकरण ने अमेरिका के क्रिकेटर बोदुगुम अखिलेश रेड्डी पर आठ साल के लिए सभी तरह के क्रिकेट से प्रतिबंध लगा दिया है। उन्हें आईसीसी की भ्रष्टाचार रोधी संहिता के तीन प्रावधानों का उल्लंघन करने का दोषी पाया गया है। यह प्रतिबंध 21 नवंबर 2025 से प्रभावी माना जाएगा और नवंबर 2033 तक लागू रहेगा।
आईसीसी के मुताबिक, मामला अबू धाबी टी10 लीग 2025 से जुड़ा है। इस मामले में एमिरेट्स क्रिकेट बोर्ड की ओर से आईसीसी द्वारा नियुक्त भ्रष्टाचार रोधी अधिकारी ने जांच की थी। जांच के बाद अखिलेश रेड्डी के खिलाफ भ्रष्टाचार रोधी संहिता के तहत कार्रवाई की गई।
न्यायाधिकरण ने उन्हें संहिता की धारा 2.1.1 के उल्लंघन का दोषी पाया। यह प्रावधान किसी मैच के परिणाम, प्रगति, संचालन या उसके किसी अन्य पहलू को फिक्स करने अथवा अनुचित तरीके से प्रभावित करने के प्रयास से संबंधित है।
इसके अलावा अखिलेश रेड्डी को धारा 2.1.4 के तहत भी दोषी ठहराया गया। इस प्रावधान के तहत किसी खिलाड़ी या अन्य प्रतिभागी को मैच फिक्सिंग अथवा किसी अन्य भ्रष्ट गतिविधि में शामिल होने के लिए उकसाना, निर्देश देना, प्रेरित करना या सहायता करना अपराध माना जाता है।
जांच के दौरान सामने आया कि अखिलेश रेड्डी ने अपने मोबाइल फोन से कुछ डेटा और संदेश डिलीट कर दिए थे। ये सामग्री जांच के लिए महत्वपूर्ण साक्ष्य साबित हो सकती थी। न्यायाधिकरण ने इसे जांच में बाधा डालने का प्रयास माना और उन्हें आईसीसी भ्रष्टाचार रोधी संहिता की धारा 2.4.7 के तहत भी दोषी पाया।
आईसीसी के अनुसार, अखिलेश रेड्डी को 21 नवंबर 2025 को अस्थायी रूप से निलंबित किया गया था। अब उसी तारीख से आठ साल का प्रतिबंध प्रभावी माना गया है।
अखिलेश रेड्डी ने अप्रैल 2025 में अमेरिका की ओर से चार टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले थे। वह इस वर्ष भ्रष्टाचार रोधी संहिता के उल्लंघन में दोषी पाए जाने वाले अमेरिका के दूसरे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर हैं। इससे पहले बल्लेबाज एरॉन जोन्स भी आईसीसी की कार्रवाई का सामना कर चुके हैं।