उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर जिले के सितारगंज में नाबालिग किशोरी को बहला-फुसलाकर ले जाने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने छह दिन की तलाश के बाद किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ पोक्सो अधिनियम समेत कई गंभीर धाराएं भी जोड़ी गई हैं।
पुलिस के अनुसार, 7 जुलाई की रात शक्तिफार्म क्षेत्र के ग्राम देवनगर निवासी 21 वर्षीय राजीव विश्वास कथित रूप से एक नाबालिग किशोरी को अपने साथ ले गया था। घटना के बाद किशोरी की मां ने कोतवाली सितारगंज में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 137(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक सिटी रुद्रपुर और क्षेत्राधिकारी सितारगंज के पर्यवेक्षण में विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। टीम ने लगातार तकनीकी साक्ष्यों, मुखबिर तंत्र और स्थानीय स्तर पर जुटाई गई सूचनाओं के आधार पर तलाश अभियान चलाया।
सोमवार को पुलिस ने शक्तिफार्म क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए आरोपी राजीव विश्वास को गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से नाबालिग किशोरी को सुरक्षित बरामद कर लिया गया। पुलिस ने पीड़िता का चिकित्सीय परीक्षण और अन्य आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कराईं।
विवेचना के दौरान मिले साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(1) और 87 के साथ-साथ पोक्सो अधिनियम की धारा 5/6 भी जोड़ दी गई हैं। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
इस अभियान में प्रभारी निरीक्षक सुंदरम शर्मा, शक्तिफार्म चौकी प्रभारी एसआई जगदीश तिवारी, एसआई बबीता टम्टा, कांस्टेबल नीलम बर्गली और कांस्टेबल भोपाल की अहम भूमिका रही। पुलिस ने कहा कि महिलाओं और बच्चों से जुड़े अपराधों के मामलों में त्वरित कार्रवाई जारी रहेगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे।