उत्तराखंड में खेल संस्कृति को नई पहचान देने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए खेल मंत्री रेखा आर्य ने शनिवार को देहरादून के परेड ग्राउंड स्थित मल्टीपरपज हॉल में उत्तराखंड सचिवालय बैडमिंटन क्लब की वार्षिक बैडमिंटन प्रतियोगिता-2026 का शुभारंभ किया। प्रतियोगिता में 200 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं, जिससे खेलों के प्रति बढ़ते उत्साह का अंदाजा लगाया जा सकता है।
प्रतियोगिता के उद्घाटन अवसर पर खेल मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि खेल केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि जीवन को दिशा देने वाला माध्यम है। उन्होंने कहा कि खेल व्यक्ति को संघर्ष, परिश्रम, अनुशासन और समर्पण की सीख देता है, जो जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त करने के लिए आवश्यक हैं। उन्होंने सचिवालय के अधिकारियों और कर्मचारियों की सराहना करते हुए कहा कि अवकाश के दिनों में इस तरह की प्रतियोगिता का आयोजन यह संदेश देता है कि कार्य के साथ-साथ शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए खेल भी उतने ही जरूरी हैं।
रेखा आर्य ने कहा कि राष्ट्रीय खेलों के सफल आयोजन के बाद उत्तराखंड में खेल संस्कृति का उल्लेखनीय विस्तार हुआ है। राज्य के स्टेडियम अब नियमित रूप से खिलाड़ियों की गतिविधियों से गुलजार रहते हैं और विभिन्न स्तरों की प्रतियोगिताओं का आयोजन लगातार किया जा रहा है। इससे प्रदेश के खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा निखारने का बेहतर अवसर मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठा रही है। पदक विजेताओं को सरकारी नौकरियों में चार प्रतिशत आरक्षण और आउट ऑफ टर्न नियुक्ति जैसी योजनाओं ने युवाओं को खेलों को करियर के रूप में अपनाने के लिए प्रेरित किया है।
खेल मंत्री ने विश्वास जताया कि उत्तराखंड में विकसित हो रहे अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल ढांचे को देखते हुए भविष्य में कॉमनवेल्थ गेम्स और ओलंपिक जैसी वैश्विक प्रतियोगिताओं के कुछ मुकाबलों की मेजबानी का अवसर भी राज्य को मिल सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने और प्रदेश को खेलों के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।