देहरादून। उत्तराखंड के देहरादून में सफाई व्यवस्था को लेकर नगर निगम एक्शन मोड में नजर आ रहा है। इसी क्रम में नगर निगम के महापौर ने वार्ड 56 में औचक निरीक्षण कर जमीनी हकीकत का जायजा लिया। इस दौरान क्षेत्र में सफाई व्यवस्था, कूड़ा निस्तारण और स्वच्छता से जुड़े अन्य पहलुओं का बारीकी से निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान महापौर ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शहर की सफाई व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि आम जनता को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना नगर निगम की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी स्तर पर ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी।
महापौर ने क्षेत्र में मौजूद सफाई कर्मचारियों से बातचीत कर उनकी कार्यप्रणाली और समस्याओं की जानकारी भी ली। साथ ही अधिकारियों को निर्देशित किया कि नियमित रूप से क्षेत्रों का निरीक्षण किया जाए और जहां भी कमी पाई जाए, उसे तुरंत दूर किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि कूड़ा उठान और निस्तारण की प्रक्रिया को और अधिक प्रभावी बनाया जाए ताकि शहर में स्वच्छता बनी रहे।
उन्होंने जोर देकर कहा कि नगर निगम का उद्देश्य केवल सफाई तक सीमित नहीं है, बल्कि देहरादून को एक स्वच्छ, सुंदर और व्यवस्थित शहर के रूप में विकसित करना है। इसके लिए सभी अधिकारियों, कर्मचारियों और आम नागरिकों को मिलकर कार्य करना होगा।
महापौर ने नागरिकों से भी अपील की कि वे स्वच्छता बनाए रखने में नगर निगम का सहयोग करें और कूड़ा इधर-उधर न फैलाएं। उन्होंने कहा कि जनभागीदारी के बिना स्वच्छता अभियान सफल नहीं हो सकता।
नगर निगम द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान से साफ है कि प्रशासन शहर की साफ-सफाई को लेकर गंभीर है और आने वाले समय में देहरादून को स्वच्छता के क्षेत्र में एक आदर्श शहर बनाने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।