देहरादून। उत्तराखंड में हाल ही में आई भीषण प्राकृतिक आपदाओं में जान गंवाने वाले लोगों की आत्मा की शांति के लिए आज कांग्रेस ने एक भावनात्मक कैंडल मार्च का आयोजन किया। यह श्रद्धांजलि मार्च राजेंद्र नगर से किशन नगर चौक तक निकाला गया, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों, युवाओं और समाजसेवियों ने भाग लिया।
इस कार्यक्रम का आयोजन युवा कांग्रेस नेता रितेश छेत्री एवं उनके सहयोगियों द्वारा किया गया। कैंडल मार्च में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल भी शामिल हुए और आपदा में दिवंगत लोगों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस मौके पर हरीश रावत ने कहा कि “यह आपदा केवल प्राकृतिक नहीं, बल्कि सरकार की लापरवाही और अनियंत्रित, अवैज्ञानिक खनन का परिणाम है।” उन्होंने कहा कि पहाड़ी इलाकों में प्रकृति के संतुलन से खिलवाड़ अब भारी पड़ रहा है। वहीं गणेश गोदियाल ने मांग की कि “पर्वतीय क्षेत्रों में हो रहे अवैध खनन पर तत्काल रोक लगाई जाए और आपदा पीड़ितों के पुनर्वास के लिए ठोस नीति बनाई जाए।”
रितेश छेत्री ने कहा कि “सरकार को चाहिए कि वह आपदा प्रभावित परिवारों को उनके नुकसान के अनुरूप पर्याप्त आर्थिक सहायता दे।”
श्रद्धांजलि सभा के अंत में सभी प्रतिभागियों ने मोमबत्तियाँ जलाकर मौन रखकर दिवंगत आत्माओं को नमन किया और उत्तराखंड के पुनर्निर्माण में सामूहिक सहयोग का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में संजय शर्मा, आनंद रावत, गरिमा मेहरा दसौनी, कोमल बोरा, सुमित्रा ध्यानी, विनीत प्रसाद भट्ट, पीयूष जोशी, ऋषभ हैं, मयंक नेगी समेत कई युवाओं ने भाग लिया।