सीएससी दिवस 2025: उत्कृष्ट कार्य करने वाले संचालकों को मुख्यमंत्री धामी ने वीएलई पुरस्कार से किया सम्मानित
देहरादून, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को आईआरडीटी ऑडिटोरियम, सर्वे चौक, देहरादून में आयोजित सीएससी दिवस-2025 कार्यक्रम में राज्यभर से चयनित उत्कृष्ट कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) संचालकों को “वीएलई पुरस्कार” से सम्मानित किया। यह सम्मान उन ग्राम स्तरीय उद्यमियों (Village Level Entrepreneurs – VLEs) को दिया गया, जिन्होंने डिजिटल सेवाओं के क्षेत्र में अनुकरणीय कार्य कर समाज को नई दिशा दी।
सीएससी: गांवों में डिजिटल परिवर्तन का आधार
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर कहा कि सीएससी देश में हो रहे डिजिटल परिवर्तन का सशक्त प्रतीक बन चुका है। आज सीएससी के माध्यम से गांव-गांव तक शहरों जैसी सुविधाएं एक क्लिक में पहुंच रही हैं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड जैसे पहाड़ी राज्य में सीएससी की भूमिका और भी अधिक महत्वपूर्ण हो जाती है, जहां भौगोलिक कठिनाइयों के कारण बुनियादी सेवाएं दूरदराज़ क्षेत्रों तक पहुंचाना चुनौतीपूर्ण होता है।
वीएलई: ग्रामीण भारत के डिजिटल दूत
मुख्यमंत्री ने कहा कि सीएससी संचालक ग्रामीण क्षेत्रों में डिजिटल सेवा के माध्यम से बदलाव ला रहे हैं। वे न केवल नागरिक सेवाएं प्रदान कर रहे हैं, बल्कि गांव के युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी पैदा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि ये संचालक ग्राम स्तर पर तकनीक और नवाचार के वाहक बन चुके हैं।
उत्तराखंड में वर्तमान में 13,000 से अधिक सीएससी सक्रिय हैं, जिनके माध्यम से यूसीसी पंजीकरण, प्रमाण पत्रों की उपलब्धता, डिजिटल लेन-देन, बिजली-पानी बिल भुगतान, पासपोर्ट आवेदन, बीमा सेवाएं आदि जैसे अनेकों कार्य किए जा रहे हैं।