देहरादून ।उत्तराखंड में पंचायत चुनावों को लेकर सियासी गर्मी बढ़ती जा रही है। प्रदेश कांग्रेस ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों में धांधली का आरोप लगाते हुए सोमवार को राज्य निर्वाचन आयुक्त को ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने चुनाव प्रक्रिया में गड़बड़ियों को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए और निष्पक्ष चुनाव की मांग की।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य के नेतृत्व में कांग्रेस का एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल सोमवार सुबह 11:30 बजे रिंग रोड स्थित राज्य निर्वाचन आयोग कार्यालय पहुंचा और राज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार से भेंट कर ज्ञापन सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश कांग्रेस सह प्रभारी सुरेन्द्र शर्मा, पूर्व अध्यक्ष गणेश गोदियाल, संगठन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना, विधायक विक्रम सिंह नेगी, विधायक लखपत बुटोला, महिला कांग्रेस अध्यक्ष ज्योति रौतेला समेत कुल 12 नेता शामिल थे।
ज्ञापन में उठाए गए प्रमुख मुद्दे:
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आरक्षण में धांधली: कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ भाजपा ने जिला प्रशासन और पंचायती राज विभाग पर दबाव डालकर आरक्षण की प्रक्रिया में मनमानी की है। उन्होंने कहा कि रोस्टर को शून्य कर दिया गया, जिससे अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग और सामान्य वर्ग की सीटों में भारी गड़बड़ी हुई।
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मतदाता सूची का संकट: कांग्रेस का आरोप है कि पंचायत चुनावों की अधिसूचना जारी हो चुकी है, लेकिन अब तक मतदाता सूचियों की हार्ड कॉपी आम जनता को उपलब्ध नहीं करवाई गई, जिससे पारदर्शिता पर सवाल उठते हैं।
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वोटर लिस्ट में हेराफेरी: नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कहा कि भाजपा ने हाल ही में नगर निकाय चुनावों में मतदान कर चुके शहरी मतदाताओं को ग्रामीण पंचायत चुनाव की वोटर लिस्ट में भी शामिल करवा दिया है। उन्होंने मांग की कि ऐसे मतदाताओं को चुनाव में भाग लेने से रोका जाए।
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आरक्षण सूची में प्रक्रियागत त्रुटियां: पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि आरक्षण की अंतरिम सूची में आपत्तियों के लिए तिथि निर्धारित की गई थी, लेकिन अंतिम सूची बिना आपत्तियां आमंत्रित किए ही जारी कर दी गई।
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नामांकन प्रक्रिया में दबाव: प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने दावा किया कि भाजपा समर्थक प्रत्याशियों को लाभ पहुंचाने के लिए विपक्षी उम्मीदवारों के नामांकन पत्र रद्द करवाने का दबाव पीठासीन अधिकारियों पर डाला जा रहा है।
निर्वाचन आयुक्त का आश्वासन:
राज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार ने कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि पंचायत चुनावों को पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ संपन्न कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि सभी जिलाधिकारियों और चुनाव अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी कर दिए गए हैं। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि मतदाता सूचियों की हार्ड कॉपी अभी उपलब्ध नहीं करवाई गई है, लेकिन आयोग जल्द ही इसे भी उपलब्ध कराएगा।
यह घटनाक्रम आगामी पंचायत चुनावों में निष्पक्षता सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक हस्तक्षेप के रूप में देखा जा रहा है।