देहरादून। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) से शनिवार को लोक भवन में केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री रामदास आठवले ने शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान दोनों के बीच सामाजिक न्याय और समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों के सशक्तीकरण से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा हुई।
मुलाकात के दौरान समाज के उन वर्गों तक विकास की योजनाओं और अवसरों की पहुंच सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया, जो सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े या कमजोर हैं। बातचीत में इस बात पर भी विचार-विमर्श हुआ कि सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक प्रभावी तरीके से कैसे पहुंचाया जा सकता है।
राज्यपाल गुरमीत सिंह ने कहा कि समावेशी विकास के लिए यह जरूरी है कि समाज के प्रत्येक वर्ग को समान अवसर मिलें। वंचित और कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए शिक्षा, रोजगार, सामाजिक सुरक्षा और विकास योजनाओं का लाभ उन तक पहुंचाना महत्वपूर्ण है। उन्होंने समाज के सभी वर्गों को मुख्यधारा से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।
केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने भी सामाजिक न्याय से जुड़े विषयों और कमजोर वर्गों के कल्याण के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि सामाजिक समानता और वंचित वर्गों का सशक्तीकरण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। विकास का वास्तविक लाभ तभी माना जाएगा, जब समाज के अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं और अवसरों की पहुंच सुनिश्चित हो।
बैठक में सामाजिक न्याय से संबंधित विभिन्न पहलुओं के साथ-साथ समाज के कमजोर वर्गों के लिए चल रही कल्याणकारी योजनाओं और उनके प्रभावी क्रियान्वयन पर भी चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने समावेशी विकास और सामाजिक समानता को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
राज्यपाल और केंद्रीय मंत्री के बीच हुई यह शिष्टाचार भेंट सामाजिक न्याय और वंचित वर्गों के सशक्तीकरण से जुड़े मुद्दों पर केंद्रित रही। मुलाकात के दौरान समाज के हर वर्ग को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने और समान अवसर उपलब्ध कराने की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया गया।