पूर्वोत्तर के राज्यों को होगा लाभ

देहरादून। विवेकानन्द पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान अल्मोड़ा में संस्थान द्वारा विकसित प्रौद्योगिकियों का उत्तर पूर्वी पर्वतीय राज्यों में प्रसार के लिए तीन दिवसीय इंटरफेस बैठक का शुभारंभ किया गया।समारोह का उद्घाटन करते हुए संस्थान के निदेशक डाॅ. लक्ष्मी कान्त ने संस्थान द्वारा विक सित विभिन्न तकनीकों और पूर्वाेत्तर क्षेत्र के लिए इसकी उपयुक्तता के बारे में बताया।बैठक में पूर्वोत्तर राज्यों तथा आईसीएआर-कृषिविज्ञानकेन्द्रों (मेघालय, अरुणाचलप्रदेश, नागालैंडऔर मिजोरम) के 15 अधिकारियों ने भागलिया। इस अवसरपरसंस्थान के निदेशक ने सभी प्रतिभागियों का स्वागत किया और संस्थान की महत्वपूर्ण उपलब्धियों पर एक परिचयात्मक व्याख्यान दिया।अपने व्याख्यान के दौरान उन्होंने संस्थान की ऐतिहासिक पृष्ठ भूमि, विकास और प्रमुख मील के पत्थर के बारेमें बल दिया और बताया कि बहुत जल्दही संस्थान अपना 99वाँ स्थापना दिवस को मना ने जा रहा है।उन्होंने इस इंटरफेस बैठक के उद्देश्यों को बताते हुए सभी प्रतिभागियों भविष्य में संस्थान से उनकी अपेक्षाएं बताने को कहा।सभी प्रतिभागियों ने अपनापरिचय देते हुए पूर्वोत्तर राज्यों के विभिन्न स्थानों पर संस्थान की प्रौद्योगिकियों के एकीकरण और उपयोगी सहयोग के बारे में बताया। धन्यवाद प्रस्ताव डॉ. जे. के. बिष्ट, प्रभागाध्यक्ष, फसल उत्पादन प्रभाग द्वारा दिया गया।

Leave A Reply

Your email address will not be published.