देहरादून। उत्तराखंड के आपदा प्रभावित इलाकों में राहत और पुनर्वास कार्यों के लिए विभिन्न संस्थाएं आगे आ रही हैं। इसी क्रम में, सोमवार को Bank of Baroda के प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से उनके शासकीय आवास पर मुलाकात की और धराली व हर्षिल क्षेत्र में आपदा राहत कार्यों के लिए मुख्यमंत्री राहत कोष में 1 करोड़ रुपये का योगदान सौंपा।
मुख्यमंत्री धामी ने बैंक के इस कदम की सराहना करते हुए कहा कि संकट की घड़ी में संस्थाओं और समाज का सहयोग बेहद महत्वपूर्ण होता है। उन्होंने कहा, “आपदा प्रभावित लोगों को दोबारा खड़ा करने के लिए सरकार हरसंभव प्रयास कर रही है, लेकिन जब संस्थाएं भी इसमें भागीदारी निभाती हैं तो यह प्रयास और मजबूत हो जाता है।”
गौरतलब है कि हाल ही में उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले के धराली और हर्षिल क्षेत्रों में प्राकृतिक आपदा के कारण काफी नुकसान हुआ था। कई घर और बुनियादी ढांचे क्षतिग्रस्त हुए, जिससे स्थानीय लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। इस परिस्थिति में, सरकारी और गैर-सरकारी संगठनों की मदद से राहत व पुनर्वास कार्य तेज़ी से चल रहे हैं।
Bank of Baroda के अधिकारियों ने बताया कि यह योगदान केवल आर्थिक सहयोग नहीं है, बल्कि आपदा पीड़ितों के प्रति संवेदना और उनके पुनर्निर्माण में साझेदारी का प्रतीक है। बैंक का मानना है कि समाज के हर वर्ग को मुश्किल समय में एकजुट होकर काम करना चाहिए, ताकि प्रभावित लोगों को जल्द से जल्द सामान्य जीवन में लौटने में मदद मिले।
मुख्यमंत्री राहत कोष में मिलने वाला यह आर्थिक सहयोग राहत सामग्री, अस्थायी आवास, चिकित्सा सेवाओं और बुनियादी ढांचे की मरम्मत में खर्च किया जाएगा। सरकार ने सभी दानदाताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा है कि हर एक योगदान आपदा प्रभावित परिवारों के जीवन में उम्मीद की नई किरण जगाता है।