ओडेंस। डेनमार्क ओपन बैडमिंटन टूर्नामेंट में भारतीय खिलाड़ियों का सफर शुक्रवार को क्वार्टर फाइनल में ही समाप्त हो गया। महिला एकल में तन्वी शर्मा और महिला युगल में त्रीसा जॉली व गायत्री गोपीचंद की जोड़ी को हार का सामना करना पड़ा। इन नतीजों के साथ टूर्नामेंट में भारत की चुनौती खत्म हो गई।
विश्व नंबर-1 आन से यंग ने तन्वी को हराया
महिला एकल क्वार्टर फाइनल में भारत की तन्वी शर्मा का सामना दक्षिण कोरिया की शीर्ष वरीयता प्राप्त और विश्व नंबर-1 खिलाड़ी आन से यंग से हुआ। आन से यंग ने तन्वी को सीधे गेमों में 21-15, 21-13 से शिकस्त दी। मुकाबला 38 मिनट तक चला।
विश्व रैंकिंग में 24वें स्थान पर मौजूद तन्वी ने मैच की शुरुआत में अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन वह अपनी लय बरकरार नहीं रख सकीं। अनुभवी कोरियाई खिलाड़ी ने अहम मौकों पर अंक जुटाते हुए मुकाबला अपने नाम कर लिया।
त्रीसा-गायत्री को मलेशियाई जोड़ी ने दी मात
महिला युगल के क्वार्टर फाइनल में भारतीय जोड़ी त्रीसा जॉली और गायत्री गोपीचंद को मलेशिया की पर्ली टैन और थिनाह मुरलीधरन के खिलाफ 14-21, 21-17, 21-11 से हार मिली।
विश्व रैंकिंग में 18वें स्थान पर काबिज भारतीय जोड़ी ने पहले गेम में शानदार शुरुआत की और मध्यांतर तक 11-7 की बढ़त बना ली। भारतीय खिलाड़ियों ने पहला गेम जीतकर उम्मीद जगाई, लेकिन विश्व रैंकिंग में पांचवें स्थान पर मौजूद मलेशियाई जोड़ी ने दूसरे गेम में वापसी कर ली। निर्णायक गेम में पर्ली और थिनाह ने लगातार दबाव बनाए रखा और जीत दर्ज की।
गौरतलब है कि मलेशियाई जोड़ी ने इसी महीने जापान में आयोजित एशियाई खेलों के क्वार्टर फाइनल में भी भारतीय जोड़ी को हराया था।
कई दिग्गज पहले ही हो चुके थे बाहर
भारत के कई प्रमुख खिलाड़ी टूर्नामेंट के शुरुआती दौर में ही बाहर हो गए थे। इनमें पीवी सिंधु, उन्नति हुड्डा, लक्ष्य सेन, आयुष शेट्टी और सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी-चिराग शेट्टी की जोड़ी शामिल है। पुरुष एकल में किदांबी श्रीकांत दूसरे दौर तक पहुंचे, लेकिन फ्रांस के मौजूदा विश्व चैंपियन एलेक्स लानियर से हार गए।
अब भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ियों की नजरें 20 से 25 अक्टूबर तक होने वाले फ्रेंच ओपन पर रहेंगी, जहां वे बेहतर प्रदर्शन के इरादे से उतरेंगे।
