‘ये दिल मांगे मोर’ के वीर को देश का सलाम, बलिदान दिवस पर भावुक हुआ भारत

नई दिल्ली। कारगिल युद्ध के अमर नायक और परमवीर चक्र से सम्मानित कैप्टन विक्रम बत्रा के बलिदान दिवस पर पूरे देश ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। ‘कारगिल के शेरशाह’ के नाम से प्रसिद्ध कैप्टन विक्रम बत्रा के अदम्य साहस, नेतृत्व और राष्ट्र के लिए दिए गए सर्वोच्च बलिदान को याद करते हुए देश के शीर्ष नेताओं ने उन्हें नमन किया और कहा कि उनका जीवन आने वाली पीढ़ियों के लिए देशभक्ति और कर्तव्यनिष्ठा का प्रेरणास्रोत है।

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि कारगिल युद्ध के दौरान कैप्टन विक्रम बत्रा ने दुर्गम चोटियों पर अद्वितीय वीरता और नेतृत्व का परिचय देते हुए मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। उनका शौर्य हर भारतीय को राष्ट्रहित में कार्य करने की प्रेरणा देता रहेगा।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उन्हें याद करते हुए कहा कि कारगिल की रणनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण चोटियों पर विजय हासिल कर दुश्मनों को पीछे हटने पर मजबूर करने वाले कैप्टन विक्रम बत्रा का साहस और पराक्रम उन्हें हमेशा के लिए अमर बना गया। उन्होंने कहा कि उनका सर्वोच्च बलिदान हर भारतीय को राष्ट्र को सर्वोपरि रखने का संदेश देता है।

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान, धर्मेंद्र प्रधान और गिरिराज सिंह सहित कई अन्य नेताओं ने भी कैप्टन बत्रा को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उनका बलिदान युवाओं को देश सेवा, कर्तव्य और राष्ट्र गौरव के लिए समर्पित रहने की प्रेरणा देता रहेगा। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता तथा आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भी उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित किए।

हिमाचल प्रदेश के पालमपुर में जन्मे कैप्टन विक्रम बत्रा भारतीय सेना की 13 जम्मू एवं कश्मीर राइफल्स के अधिकारी थे। वर्ष 1999 के कारगिल युद्ध में उन्होंने प्वाइंट 5140 और प्वाइंट 4875 जैसे अहम अभियानों में असाधारण वीरता दिखाई। प्वाइंट 5140 पर जीत के बाद उनका मशहूर नारा “ये दिल मांगे मोर” पूरे देश में जोश और विजय का प्रतीक बन गया। 7 जुलाई 1999 को मातृभूमि की रक्षा करते हुए उन्होंने सर्वोच्च बलिदान दिया, जिसके लिए उन्हें मरणोपरांत परमवीर चक्र से सम्मानित किया गया। आज भी उनका जीवन देश के युवाओं और सैनिकों के लिए प्रेरणा का अमिट स्रोत बना हुआ है।

 

Leave A Reply

Your email address will not be published.